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एडीएम के बेटे को लेकर चौंकाने वाला खुलासा, नौ हजार रुपये में हत्या करके जलाया था शव
Sun, 26 Apr 2020 11:16 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: शाहरुख खान
Updated Sun, 26 Apr 2020 11:16 AM IST
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पुलिस की गिरफ्त में आरोपी
- फोटो : अमर उजाला
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लॉकडाउन के दौरान सुशांत गोल्फ सिटी में केजीएमयू के डॉ. वीके सिंह को गोली मारकर कार व मोबाइल फोन लूटने की सनसनीखेज वारदात का खुलासा किया है। पुलिस ने एडीएम के बेटे यथार्थ सिंह उर्फ यश ठाकुर व उसके साथी आयुष सिंह गिरफ्तार किया है।
यश के पिता फिलहाल वक्फ बोर्ड में तैनात हैं। पुलिस आयुक्त सुजीत पांडेय के मुताबिक बदमाशों ने किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए डॉक्टर की कार लूटी थी। एसीपी कृष्णानगर दीपक सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने अवध योजना के पास बदमाशों की घेराबंदी की जिस पर उन्होंने पुलिस पर हमला किया। जवाबी गोलीबारी में आयुष घायल हुआ है।
पुलिस आयुक्त ने बताया कि सुशांत गोल्फ सिटी में वारदात 20 अप्रैल की रात चौधरी खेड़ा रेलवे क्रॉसिंग के पास हुई थी। केजीएमयू के डॉ. वीके सिंह अपने भतीजे के जन्मदिन की दावत से घर लौट रहे थे तभी बाइक सवार बदमाशों ने उन्हें रोककर कार व मोबाइल फोन लूट लिया था।
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पहले भी कर चुके हैं कई वारदात
पुलिस आयुक्त के मुताबिक बदमाशों ने किसी बड़ी वारदात के लिए डॉक्टर की कार लूटी थी। पूछताछ में बदमाशों ने बताया है कि इससे पहले भी वह लूट की कई वारदातें कर चुके हैं। उन्होंने बताया कि डॉक्टर को किसी योजना के तहत नहीं लूटा गया था। रात को घूमते हुए वह दिख गए और लूटपाट कर ली। बड़ी वारदात को अंजाम देने का इरादा किया था। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बदमाश कौन सी वारदात करने जा रहे थे।
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यश के पिता फिलहाल वक्फ बोर्ड में तैनात हैं। पुलिस आयुक्त सुजीत पांडेय के मुताबिक बदमाशों ने किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए डॉक्टर की कार लूटी थी। एसीपी कृष्णानगर दीपक सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने अवध योजना के पास बदमाशों की घेराबंदी की जिस पर उन्होंने पुलिस पर हमला किया। जवाबी गोलीबारी में आयुष घायल हुआ है।
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पुलिस आयुक्त ने बताया कि सुशांत गोल्फ सिटी में वारदात 20 अप्रैल की रात चौधरी खेड़ा रेलवे क्रॉसिंग के पास हुई थी। केजीएमयू के डॉ. वीके सिंह अपने भतीजे के जन्मदिन की दावत से घर लौट रहे थे तभी बाइक सवार बदमाशों ने उन्हें रोककर कार व मोबाइल फोन लूट लिया था।
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पहले भी कर चुके हैं कई वारदात
पुलिस आयुक्त के मुताबिक बदमाशों ने किसी बड़ी वारदात के लिए डॉक्टर की कार लूटी थी। पूछताछ में बदमाशों ने बताया है कि इससे पहले भी वह लूट की कई वारदातें कर चुके हैं। उन्होंने बताया कि डॉक्टर को किसी योजना के तहत नहीं लूटा गया था। रात को घूमते हुए वह दिख गए और लूटपाट कर ली। बड़ी वारदात को अंजाम देने का इरादा किया था। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बदमाश कौन सी वारदात करने जा रहे थे।
बड़े कारोबारी की हत्या की सुपारी ली थी
कृष्णानगर पुलिस के हत्थे चढ़े बदमाशों ने पूर्वांचल के एक बड़े कारोबारी और पूर्व राजनेता के हत्या की सुपारी ली थी। पुलिस सूत्रों का कहना है कि इस वारदात को अंजाम देने से पहले सुल्तानपुर में पेट्रोल पंप लूटना चाहते थे, ताकी पुलिस को उस तरफ उलझाकर मकसद में कामयब होकर निकल जाएं। लेकिन इसकी भनक लगते ही सर्विलांस की मदद से पुलिस ने घेराबंदी करके दबोच लिया।
नौ हजार रुपये में हत्या करके जलाया था शव
पुलिस के मुताबिक कि पकड़े गए बदमाश मामूली सी रकम के लिए हत्या करते हैं। उन्होंने बताया कि एडीएम के बेटे यथार्थ सिंह ने दो साल पहले पीजीआई में बेटे से सुपारी लेकर पिता की हत्या करके शव को जला दिया था। यथार्थ और रवि रावत ने इस वारदात के लिए एक लाख रुपये की सुपारी ली थी। लेकिन उन्हें केवल नौ हजार रुपये ही मिले थे।
बेटे को फंसाने का आरोप
एडीएम नरेंद्र सिंह ने बेटे यथार्थ उर्फ यश को फर्जी केस में फंसाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बेटे को पुलिस ने दो दिन पहले पकड़ लिया था और उसे हवालात में बंद करके करंट लगाकर टॉर्चर किया। यश ने भी अपर मुख्य सचिव गृह को प्रार्थनापत्र देकर कृष्णानगर इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार सिंह और क्राइम ब्रांच व सर्विलांस टीम के पुलिसकर्मियों की शिकायत करते हुए जांच की मांग की है।
नौ हजार रुपये में हत्या करके जलाया था शव
पुलिस के मुताबिक कि पकड़े गए बदमाश मामूली सी रकम के लिए हत्या करते हैं। उन्होंने बताया कि एडीएम के बेटे यथार्थ सिंह ने दो साल पहले पीजीआई में बेटे से सुपारी लेकर पिता की हत्या करके शव को जला दिया था। यथार्थ और रवि रावत ने इस वारदात के लिए एक लाख रुपये की सुपारी ली थी। लेकिन उन्हें केवल नौ हजार रुपये ही मिले थे।
बेटे को फंसाने का आरोप
एडीएम नरेंद्र सिंह ने बेटे यथार्थ उर्फ यश को फर्जी केस में फंसाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बेटे को पुलिस ने दो दिन पहले पकड़ लिया था और उसे हवालात में बंद करके करंट लगाकर टॉर्चर किया। यश ने भी अपर मुख्य सचिव गृह को प्रार्थनापत्र देकर कृष्णानगर इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार सिंह और क्राइम ब्रांच व सर्विलांस टीम के पुलिसकर्मियों की शिकायत करते हुए जांच की मांग की है।