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हनुमान गढ़ी में हत्या: सीएम ने दिए निर्देश, अयोध्या के मठ-मंदिरों में रहने वाले संतों-शिष्यों का हो सत्यापन
Mon, 23 Oct 2023 04:55 PM IST
रोहित मिश्र
अमर उजाला संवाद, अयोध्या
अमर उजाला संवाद, अयोध्या
Published by: रोहित मिश्र
Updated Mon, 23 Oct 2023 04:55 PM IST
सार
बीते 19 अक्तूबर को हनुमानगढ़ी से जुड़े साधु राम सहारेदास की हत्या में उनके दो शिष्यों के नाम आने के बाद कई सवाल खड़े हुए हैं। इस तरह की घटना दोबारा न हो, इसलिए सर्तकता बढ़ा दी गई है।
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हनुमान गढ़ी मंदिर अयोध्या
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
रामनगरी के मठ-मंदिरों में रहने वाले साधु-शिष्यों का सत्यापन कराया जाएगा। इसको लेकर मुख्यमंत्री ने भी निर्देश दिया है, जिसके बाद कार्रवाई तेज कर दी गई है। रामनगरी के सभी आठ हजार मंदिरों में रहने वालों का सत्यापन किया जाएगा, सभी के पहचान पत्रों की जांच का काम प्रारंभ कर दिया गया है।
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बीते 19 अक्तूबर को हनुमानगढ़ी से जुड़े साधु राम सहारेदास की हत्या में उनके दो शिष्यों के नाम आने के बाद कई सवाल खड़े हुए हैं। इस तरह की घटना दोबारा न हो, इसलिए सर्तकता बढ़ा दी गई है। दो दिवसीय दौर पर अयोध्या आए मुख्यमंत्री ने भी संतों के साथ भोजन के दौरान यह जानकारी दिया है कि मठ-मंदिरों में रहने वाले साधु-शिष्यों व अन्य लोगों का सत्यापन कराया जा रहा है। एक संत ने बताया कि मुख्यमंत्री ने अयोध्या के सभी मठ-मंदिरों में सत्यापन कराने को कहा है।
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बतातें चले कि अयोध्या में गुरु-शिष्य परंपरा सदियों से प्रवाहमान है। यहां मंदिर के महंत व पीठाधिपति शिष्य, सेवादार, पुजारी, भंडारी, आदि रखते हैं ताकि मंदिर के संचालन में उन्हें आसानी हो। ऐसे करने के लिए उन्हें किसी से अनुमति भी नहीं लेनी होती है, लेकिन पिछले कुछ महीनों में हुई घटनाओं के बाद संतों में एक दहशत का माहौल है।
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हनुमानगढ़ी में हत्या की घटना के कुछ महीने पहले ही स्वर्गद्वार स्थित एक प्रतिष्ठित पीठ में मंदिर में आने-जाने वाले शिष्य ने ही एक बड़ी चोरी की घटना को अंजाम दिया था। इससे पहले भी कुछ घटनाएं हो चुकी हैं। खुफिया विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि हनुमानगढ़ी अखाड़ा के चारों पट़्टी के मठ-मंदिरों में सत्यापन की कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। रामनगरी के सभी मठ-मंदिरों में रहने वाले लोगों की पहचान जांचने का काम किया जाएगा।