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14 साल की लड़की के फेरों की चल रही थी तैयारी, तभी अचानक हुआ ये
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Tue, 16 Oct 2018 01:47 PM IST
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- फोटो : डेमो
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आशा ज्योति केंद्र की टीम ने सोमवार रात लखनऊ के मालथानाक्षेत्र के गौरैया गांव में बालविवाह रुकवाया। इससे पहले 14 साल की लड़की की बारात आ चुकी थी। उसे सजाकर फेरों की तैयारी चल रही थी कि एक व्यक्ति ने आशा ज्योति केंद्र को कॉल करके बाल विवाह करवाए जाने की शिकायत कर दी।
आशा ज्योति केंद्र प्रभारी अर्चना सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति ने देर शाम फोन करके गांव गौरैया में 14 वर्षीय लड़की की शादी कराए जाने की सूचना दी। इस पर वह चौकी प्रभारी निर्मला यादव, काउंसलर रूबी वर्मा और माल थाने की पुलिस लेकर आननफानन मौके पर पहुंचीं।
लड़की के घर वाले बारात और मेहमानों के स्वागत में जुटे थे। प्रधान शिवबालक की मौजूदगी में परिवारीजनों से तहकीकात के साथ लड़की को बुलाया गया। वह हाथों में मेंहदी लगाए सजी-संवरी थी। फेरे और अन्य रस्में पूरी करके उसे ससुराल भेजने की तैयारी थी।
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आशा ज्योति केंद्र प्रभारी अर्चना सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति ने देर शाम फोन करके गांव गौरैया में 14 वर्षीय लड़की की शादी कराए जाने की सूचना दी। इस पर वह चौकी प्रभारी निर्मला यादव, काउंसलर रूबी वर्मा और माल थाने की पुलिस लेकर आननफानन मौके पर पहुंचीं।
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लड़की के घर वाले बारात और मेहमानों के स्वागत में जुटे थे। प्रधान शिवबालक की मौजूदगी में परिवारीजनों से तहकीकात के साथ लड़की को बुलाया गया। वह हाथों में मेंहदी लगाए सजी-संवरी थी। फेरे और अन्य रस्में पूरी करके उसे ससुराल भेजने की तैयारी थी।
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स्थगित कर दी गई शादी
बालविवाह पर आपत्ति जताते हुए टीम ने प्रधान को जिम्मेदारी का अहसास कराया। वर और वधू पक्ष को बालविवाह पर कानूनी कार्रवाई की जानकारी देते हुए विवाह रोकने के आदेश दिए।
प्रधान ने दोनों पक्षों की तरफ से तहरीर लिखकर वचन दिया कि लड़की के बालिग होने तक विवाह नहीं कराया जाएगा। वर और वधू पक्ष से हस्ताक्षर कराए और लड़की के बालिग होने तक शादी स्थगित कर दी गई।
प्रधान ने दोनों पक्षों की तरफ से तहरीर लिखकर वचन दिया कि लड़की के बालिग होने तक विवाह नहीं कराया जाएगा। वर और वधू पक्ष से हस्ताक्षर कराए और लड़की के बालिग होने तक शादी स्थगित कर दी गई।