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69,000 शिक्षक भर्ती मामले में सुनवाई पूरी, कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा
Tue, 03 Mar 2020 10:04 PM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 03 Mar 2020 10:04 PM IST
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फाइल फोटो
हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने प्रदेश के प्राथमिक स्कूलों में 69,000 सहायक शिक्षकों की भर्ती मामले में राज्य सरकार समेत अन्य अभ्यर्थियों की विशेष अपीलों पर मंगलवार को सुनवाई पूरी करने के बाद फैसला सुरक्षित कर लिया। कोर्ट अब इन पर अपना निर्णय सुनाएगी।
न्यायमूर्ति पंकज कुमार जायसवाल और न्यायमूर्ति करुणेश सिंह पवार की खंडपीठ के समक्ष कई अपीलों पर फाइनल सुनवाई पूरी हो गई। इनमें एकल न्यायाधीश के उस फैसले व आदेश को चुनौती दी गई थी, जिसमें भर्ती परीक्षा में न्यूनतम अर्हता अंक सामान्य वर्ग के लिए 45 और आरक्षित वर्ग के लिए 40 फीसदी रखे जाने के निर्देश सरकार को दिए गए थे।
बीते साल की शुरुआत में हुई भर्ती परीक्षा के तुरंत बाद राज्य सरकार ने इसमें अर्हता अंक सामान्य वर्ग के लिए 65 और आरक्षित वर्ग के लिए 60 फीसदी तय किए थे। जिसके खिलाफ एकल पीठ में कई याचिकाएं दायर हुई और उक्त निर्देश दिए गए थे।
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कुछ पक्षकारों की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता एचजीएस परिहार के मुताबिक पक्षों ने अपनी लिखित बहस भी पेश कर दी है। अब कोर्ट इन पर अपना फैसला सुनाएगी। इस भर्ती मामले में अभ्यर्थी राजधानी में धरना-प्रदर्शन भी कर चुके हैं।
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न्यायमूर्ति पंकज कुमार जायसवाल और न्यायमूर्ति करुणेश सिंह पवार की खंडपीठ के समक्ष कई अपीलों पर फाइनल सुनवाई पूरी हो गई। इनमें एकल न्यायाधीश के उस फैसले व आदेश को चुनौती दी गई थी, जिसमें भर्ती परीक्षा में न्यूनतम अर्हता अंक सामान्य वर्ग के लिए 45 और आरक्षित वर्ग के लिए 40 फीसदी रखे जाने के निर्देश सरकार को दिए गए थे।
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बीते साल की शुरुआत में हुई भर्ती परीक्षा के तुरंत बाद राज्य सरकार ने इसमें अर्हता अंक सामान्य वर्ग के लिए 65 और आरक्षित वर्ग के लिए 60 फीसदी तय किए थे। जिसके खिलाफ एकल पीठ में कई याचिकाएं दायर हुई और उक्त निर्देश दिए गए थे।
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कुछ पक्षकारों की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता एचजीएस परिहार के मुताबिक पक्षों ने अपनी लिखित बहस भी पेश कर दी है। अब कोर्ट इन पर अपना फैसला सुनाएगी। इस भर्ती मामले में अभ्यर्थी राजधानी में धरना-प्रदर्शन भी कर चुके हैं।