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दागी स्कूलों को बनाया परीक्षा केंद्र

Fri, 17 Nov 2017 12:19 AM IST
Updated Fri, 17 Nov 2017 12:19 AM IST
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दागी स्कूलों को बनाया परीक्षा केंद्र
गोंडा। फरवरी में होने जा रही हाईस्कूल व इंटरमीडियट की बोर्ड परीक्षा के लिए केंद्रों का निर्धारण कर दिया गया है। माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव की तरफ से जारी की गई सूची में जिले के 138 इंटर कॉलेजों को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। इन केंद्रों पर इस बार 1.15 लाख परीक्षार्थी परीक्षा देंगे। परीक्षा केंद्र निर्धारण में पूरी तरह से नकल माफिया हावी रहे हैं। परीक्षा केंद्रों के निर्धारण में जमकर खेल खेला गया है। जिन स्कूलों को जिला विद्यालय निरीक्षक ने काली सूची में शामिल किए जाने की संस्तुति की थी, उनमें से कई स्कूल परीक्षा केंद्र बना दिए गए है। इसके साथ ही कई स्कूलों को उनकी क्षमता से दो गुने परीक्षार्थी आवंटित कर दिए गए हैं। दागी स्कूलों को परीक्षा केंद्र बनाए जाने से शासन के नकल विहीन परीक्षा के दावे पर सवाल खड़ा हो गया है।
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शासन ने इस बार परीक्षा केंद्रों के निर्धारण की प्रक्रिया में बदलाव करते हुए केंद्र निर्धारण की जिम्मेदारी माध्यमिक शिक्षा बोर्ड को सौंपी थी। इस बदलाव के बाद बोर्ड ने परीक्षा केंद्र बनाए जाने के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक से स्कूलों में छात्र-छात्राओं के बैठने की क्षमता के अलावा स्कूल में मौजूद सुविधाओं का ब्योरा तलब किया था। जिला विद्यालय निरीक्षक ने 423 स्कूलों की सूचना बोर्ड ऑफिस को भेजी थी। इस बदलाव पर शासन की मंशा थी कि बोर्ड पूरी पारदर्शिता के साथ परीक्षा केंद्रों का निर्धारण करेगा। साथ ही जिले स्तर पर दबाव बनाकर अपने स्कूलों को सेंटर बनवाने की मंशा रखने वाले नकल माफिया पर भी लगाम लग सकेगी। मगर परीक्षा केंद्र निर्धारण में पारदर्शिता का दावा पूरी तरह से फेल हो गया। परीक्षा केंद्र निर्धारण में जमकर खेल किया गया। केंद्र निर्धारण में नकल माफिया पूरी तरह से हावी रहे। इस खेल में जिले के उन स्कूलों को भी परीक्षा केंद्र बना दिया गया, जिनके खिलाफ पिछले वर्ष नकल कराने के आरोप लगे थे और जिला विद्यालय निरीक्षक ने इन केंद्रों को काली सूची में शामिल किए जाने की संस्तुति की थी। नकल माफिया ने छात्र आवंटन में भी खेल कराया। कई स्कूलों को उनके क्षमता से अधिक परीक्षार्थी आवंटित कर दिए गए।
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क्षमता से दोगुने परीक्षार्थियों का आवंटन
जिले के बेलसर क्षेत्र के आजाद नगर स्थित वित्तविहीन राज नरायन रामगनेश इंटर कॉलेज को पहली बार परीक्षा केंद्र बनाया गया हैं। बोर्ड को भेजी गई रिपोर्ट के मुताबिक इस कॉलेज में 450 परीक्षार्थियों के बैठने की क्षमता है, मगर इस स्कूल को 989 परीक्षार्थी आवंटित किए गए। वित्त विहीन एलबीएस इंटर कॉलेज बादलपुर को 550 के सापेक्ष 1165 परीक्षार्थी आवंटित किए गए हैं। भारतीय इंटर कॉलेज कटरा बाजार की क्षमता 950 छात्रों की है, जबकि इस स्कूल को 1170 परीक्षार्थियों का आवंटन किया गया है। करनैलगंज के केएल इंटर कॉलेज में 650 छात्र -छात्राएं बैठकर परीक्षा दे सकते हैं। इसके सापेक्ष इस स्कूल को 1180 परीक्षार्थी आवंटित किए गए हैं। इसी तरह परसपुर स्थित बेनी माधव जंग बहादुर कॉलेज को 800 के सापेक्ष 1099 परीक्षार्थी मिले हैं। दागी स्कूलों की सूची में शामिल परसपुर के तुलसी स्मारक इंटर कालेज को 900 के सापेक्ष 1232 परीक्षार्थियों का आवंटन किया गया है।
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डीआईओएस ने 20 तक मांगी आपत्ति
परीक्षा केंद्र निर्धारण की सूची जारी होने के बाद जिला विद्यालय निरीक्षक राम खेलावन वर्मा ने बताया कि जिले से केंद्र निर्धाश्रण के लिए स्कूलों की सूचना बोर्ड ऑफिस को भेजी गई थी। केंद्र निर्धारण वहीं से किया गया है। 20 नवंबर तक केंद्रों के संबंध में आपत्ति मांगी गई है।
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