शिक्षकों के लिए फिर मौका, होगी 5000 भर्ती
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सरकारी परिषदीय स्कूलों में भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के बाद अब बेसिक शिक्षा परिषद से अनुदान प्राप्त जूनियर हाईस्कूलों में तीन साल से रुकी भर्तियां शुरू करने की तैयारी है।
निदेशालय से मिले प्रस्ताव के आधार पर शासन ने वित्त विभाग से मंजूरी के लिए प्रस्ताव भेज दिया है।
वहां से मंजूरी मिलने के बाद जूनियर हाईस्कूलों में भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की अनुमति बेसिक शिक्षा अधिकारियों को दे दी जाएगी।
विभागीय जानकारी के मुताबिक इन स्कूलों में शिक्षक और शिक्षणेतर कर्मियों के करीब 5000 पद रिक्त हैं।
प्रदेश में 3082 सहायता प्राप्त स्कूल
बेसिक शिक्षा परिषद समय-समय पर वित्तविहीन स्कूलों को अनुदान सूची पर लेता है। प्रदेश में मौजूदा समय 3082 सहायता प्राप्त जूनियर हाईस्कूल हैं।
प्रत्येक स्कूलों में न्यूनतम सात शिक्षक, दो लिपिक और दो अनुचर के पद होते हैं। किसी स्कूल में यदि छात्र संख्या अधिक है तो पदों की संख्या बढ़ जाती है।
2012 में अखिलेश सरकार ने सत्ता में आते ही सभी विभागों में भर्तियों पर रोक लगा दी। कुछ विभागों में तो भर्तियां खोल दी गई, लेकिन बेसिक शिक्षा विभाग ने सहायता प्राप्त जूनियर हाईस्कूलों में भर्तियां शुरू नहीं की।
बेसिक शिक्षा विभाग ने मांगा ब्यौरा
भर्तियां न होने से इन तीन सालों में शिक्षकों और कर्मचारियों के रिटायर होने के साथ ही काफी पद रिक्त हो गए।
सहायता प्राप्त स्कूल के संचालकों ने शासन से अनुरोध किया है कि उनके यहां रिक्त पदों पर शीघ्र ही भर्ती की अनुमति दी जाए ताकि नए सत्र में बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो।
बेसिक शिक्षा विभाग ने इसके आधार पर निदेशालय से सहायता प्राप्त जूनियर हाईस्कूलों की संख्या, उसमें स्वीकृत पद, भरे गए पद और खाली पदों की संख्या के साथ इस पर आने वाले खर्च का ब्यौरा मांगा था।
जारी होगा शासनादेश
निदेशालय ने शासन को पूरा ब्यौरा उपलब्ध करा दिया है।
विभागीय जानकारों की मानें तो निदेशालय से मिली जानकारी के आधार पर वित्त विभाग को पूरा ब्यौरा उपलब्ध कराते हुए भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के लिए सहमति मांगी गई है।
वहां से सहमति मिलने के बाद भर्ती प्रक्रिया शुरू करने का शासनादेश जारी कर दिया जाएगा।