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रांची से जुड़े बोध गया धमाकों के तार
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Wed, 06 Nov 2013 05:43 PM IST
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बिहार के बोध गया स्थित महाबोधि मंदिर में हुए धमाकों की गुत्थी सुलझ गई है। जुलाई में हुए धमाकों की जांच कर रही सुरक्षा एजेंसियों ने इसमें आतंकी संगठन इंडियन मुजाहिदीन (आईएम) का हाथ होने का दावा किया है।
एजेंसियों का कहना है कि इस संबंध में उन्हें पुख्ता सुबूत मिले हैं।
जांच दल के सूत्रों का कहना है कि झारखंड की राजधानी रांची के एक गेस्ट हाउस से दस्तावेज बरामद हुए हैं। यहां पर आईएम आतंकी ठहरे हुए थे। दस्तावेज में बोध गया के आसपास की उन जगहों को दिखाया गया है, जहां पर बम रखे गए थे।
इस साल 7 जुलाई को महाबोधि मंदिर परिसर में 10 बम धमाके हुए थे, जिसमें दो बौद्ध भिक्षुओं समेत पांच लोग घायल हुए थे।
तीन अन्य बम फटे नहीं थे। इस मामले को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को सौंपा गया था, जिसने इस मामले में शामिल संदिग्धों के स्केच तैयार करने के अलावा सूचना देने वाले को इनाम की भी घोषणा की थी।
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सोमवार को रांची में छापेमारी के दौरान जांच दल ने कुछ दस्तावेज बरामद किए, जिससे बोध गया धमाकों में आईएम मॉड्यूल के शामिल होने के पुख्ता सुबूत मिले।
इसके अलावा दस्तावेज में बोध गया में बम रखने वाले लोगों के बारे में भी संक्षेप में जानकारी है। रांची के एक लॉज से नौ जिंदा बम भी मिले, जिनमें टाइमर सेट किया हुआ था।
ये डिवाइस 27 अक्तूबर को पटना में आयोजित मोदी की रैली के दौरान इस्तेमाल किए गए बमों से मेल खाती है।
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एजेंसियों का कहना है कि इस संबंध में उन्हें पुख्ता सुबूत मिले हैं।
जांच दल के सूत्रों का कहना है कि झारखंड की राजधानी रांची के एक गेस्ट हाउस से दस्तावेज बरामद हुए हैं। यहां पर आईएम आतंकी ठहरे हुए थे। दस्तावेज में बोध गया के आसपास की उन जगहों को दिखाया गया है, जहां पर बम रखे गए थे।
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इस साल 7 जुलाई को महाबोधि मंदिर परिसर में 10 बम धमाके हुए थे, जिसमें दो बौद्ध भिक्षुओं समेत पांच लोग घायल हुए थे।
तीन अन्य बम फटे नहीं थे। इस मामले को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को सौंपा गया था, जिसने इस मामले में शामिल संदिग्धों के स्केच तैयार करने के अलावा सूचना देने वाले को इनाम की भी घोषणा की थी।
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सोमवार को रांची में छापेमारी के दौरान जांच दल ने कुछ दस्तावेज बरामद किए, जिससे बोध गया धमाकों में आईएम मॉड्यूल के शामिल होने के पुख्ता सुबूत मिले।
इसके अलावा दस्तावेज में बोध गया में बम रखने वाले लोगों के बारे में भी संक्षेप में जानकारी है। रांची के एक लॉज से नौ जिंदा बम भी मिले, जिनमें टाइमर सेट किया हुआ था।
ये डिवाइस 27 अक्तूबर को पटना में आयोजित मोदी की रैली के दौरान इस्तेमाल किए गए बमों से मेल खाती है।