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भारत से दोस्ती को लेकर पाकिस्तान का रवैया दुर्भाग्यपूर्ण: महबूबा मुफ्ती
अमृतपाल सिंह बाली, अमर उजाला/श्रीनगर
Updated Sun, 25 Sep 2016 06:19 PM IST
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लोगों को संबोधित करतीं महबूबा मुफ्ती
- फोटो : Amar Ujala
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पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मैत्री प्रस्ताव पर पाकिस्तान ने न सिर्फ नकारात्मक रुख अपनाया बल्कि शत्रुता भी दिखाई। यह दुर्भाग्यपूर्ण है। पीडीपी के वरिष्ठ नेताओं, मंत्रियों, सांसदों और विधायकों की बैठक में मुख्यमंत्री ने घाटी में हालात जल्द सामान्य होने की उम्मीद जताई।
उन्होंने कहा कि पीडीपी के लोग विश्वास के माहौल की बहाली के लिए काम करें। हालात बिगड़े जरूर हैं लेकिन निराश होने की जरुरत नहीं है। महबूबा ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद ने 2003 में विश्वास और सद्भाव के एजेंडे की शुरुआत की थी जिसे तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के प्रयासों से गति मिली। अब पीडीपी का एकमात्र एजेंडा उसी अभियान को आगे बढ़ाना है।
उन्होंने कहा कि वह और उनकी सरकार तात्कालिक समाधान नहीं चाहती है बल्कि ऐसा माहौल बनाना चाहती है जिसमें इस तरह हालात पैदा ही नहीं हों। भाजपा भी गठबंधन एजेंडे को ईमानदारी से लागू करना चाहती है। एजेंडे को लागू करने के लिए रियासत और बाहर माकूल माहौल बनाने के लिए काम करना होगा।
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उन्होंने कहा कि पीडीपी के लोग विश्वास के माहौल की बहाली के लिए काम करें। हालात बिगड़े जरूर हैं लेकिन निराश होने की जरुरत नहीं है। महबूबा ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद ने 2003 में विश्वास और सद्भाव के एजेंडे की शुरुआत की थी जिसे तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के प्रयासों से गति मिली। अब पीडीपी का एकमात्र एजेंडा उसी अभियान को आगे बढ़ाना है।
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उन्होंने कहा कि वह और उनकी सरकार तात्कालिक समाधान नहीं चाहती है बल्कि ऐसा माहौल बनाना चाहती है जिसमें इस तरह हालात पैदा ही नहीं हों। भाजपा भी गठबंधन एजेंडे को ईमानदारी से लागू करना चाहती है। एजेंडे को लागू करने के लिए रियासत और बाहर माकूल माहौल बनाने के लिए काम करना होगा।
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'बिगड़े हालात के कारण नहीं मिला एजेंडे पर काम करने का मौका'
मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती
- फोटो : Amar Ujala
उन्होंने कहा कि दुर्भाग्य से बिगड़े हालात के कारण एजेंडे पर काम करने का मौका नहीं मिल पाया और कुछ तत्व इसकी राह में रोड़े अटकाते रहे। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी धरातल की सच्चाई समझेंगे और स्थाई शांति कायम होगी।
उन्होंने घाटी के हालात और कर्रा के इस्तीफे की घोषणा से उत्पन्न स्थिति पर पार्टी के एमएलए तथा एमएलसी का मन टटोला। बैठक में पार्टी को मजबूत बनाने पर चर्चा हुई। कहा गया कि सभी एमएलए तथा एमएलसी अपने अपने क्षेत्रों में कार्यकर्ताओं से मिले जुलें।
उनके सुख दुख की जानकारी हासिल करें। उन्हें समझाने की कोशिश करें कि हिंसा का रास्ता छोड़कर हालात को सामान्य बनाने में सहयोग करें। यह तय किया गया कि हालात सुधरने पर युद्ध स्तर पर विकास कार्यों को शुरू किया जाए ताकि पिछले दो महीने से इस दिशा में बंद पड़े काम शुरू हो सके।
उन्होंने घाटी के हालात और कर्रा के इस्तीफे की घोषणा से उत्पन्न स्थिति पर पार्टी के एमएलए तथा एमएलसी का मन टटोला। बैठक में पार्टी को मजबूत बनाने पर चर्चा हुई। कहा गया कि सभी एमएलए तथा एमएलसी अपने अपने क्षेत्रों में कार्यकर्ताओं से मिले जुलें।
उनके सुख दुख की जानकारी हासिल करें। उन्हें समझाने की कोशिश करें कि हिंसा का रास्ता छोड़कर हालात को सामान्य बनाने में सहयोग करें। यह तय किया गया कि हालात सुधरने पर युद्ध स्तर पर विकास कार्यों को शुरू किया जाए ताकि पिछले दो महीने से इस दिशा में बंद पड़े काम शुरू हो सके।