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जम्मू-कटड़ा ट्रैक पर जल्द दौड़ेगी विद्युत इंजन ट्रेन
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
Updated Tue, 30 Aug 2016 12:20 PM IST
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ट्रेन
- फोटो : File Photo
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जम्मू-कटड़ा रेलवे ट्रैक पर विद्युत इंजन ट्रेन चलाने के लिए हरी झंडी मिली गई है। कमिश्नर रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) एसके पाठक ने सोमवार को 78 किलोमीटर ट्रैक के निरीक्षण के बाद कहा कि ट्रैक सुरक्षित और अद्भुत है।
सुरक्षा की कसौटी पर ट्रैक पूरी तरह से खरा उतरा है। अब विद्युत इंजन ट्रेन चलाने का फैसला जब चाहे लिया जा सकता है। औपचारिक रूप से वे मंगलवार को अपनी रिपोर्ट उत्तरी रेलवे को सौंपेंगे। कहा कि बिजली की कमी के कारण शुरू में एक या दो ट्रेन ही चलाई जा सकेंगी, लेकिन, अपने दो पावर स्टेशन बनने के बाद सभी ट्रेेनें चलाई जा सकती हैं।
सोमवार सुबह करीब सवा नौ बजे फिरोजपुर डिविजन के डीआरएम अनुज प्रकाश के साथ सीआरएस जम्मू पहुंचे और निरीक्षण के लिए निकल गए। कई पुलों और टनलों का निरीक्षण करने के बाद दोपहर करीब एक बजे उधमपुर पहुंचे। सीआरएस ने उधमपुर में सबसे पहले एसएम पैनल कक्ष का दौरा किया।
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उन्होंने बताया किइस ट्रैक पर केवल डीजल ट्रेनें दौड़ रहीं हैं। विद्युत इंजन ट्रेन चलाने के लिए सारी औपचारिकताएं तो पूरी कर ली गईं हैं, लेकिन, एक बार जम्मू-कटड़ा रेल ट्रैक का निरीक्षण किया जाना बेहद जरूरी था।
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सुरक्षा की कसौटी पर ट्रैक पूरी तरह से खरा उतरा है। अब विद्युत इंजन ट्रेन चलाने का फैसला जब चाहे लिया जा सकता है। औपचारिक रूप से वे मंगलवार को अपनी रिपोर्ट उत्तरी रेलवे को सौंपेंगे। कहा कि बिजली की कमी के कारण शुरू में एक या दो ट्रेन ही चलाई जा सकेंगी, लेकिन, अपने दो पावर स्टेशन बनने के बाद सभी ट्रेेनें चलाई जा सकती हैं।
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सोमवार सुबह करीब सवा नौ बजे फिरोजपुर डिविजन के डीआरएम अनुज प्रकाश के साथ सीआरएस जम्मू पहुंचे और निरीक्षण के लिए निकल गए। कई पुलों और टनलों का निरीक्षण करने के बाद दोपहर करीब एक बजे उधमपुर पहुंचे। सीआरएस ने उधमपुर में सबसे पहले एसएम पैनल कक्ष का दौरा किया।
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उन्होंने बताया किइस ट्रैक पर केवल डीजल ट्रेनें दौड़ रहीं हैं। विद्युत इंजन ट्रेन चलाने के लिए सारी औपचारिकताएं तो पूरी कर ली गईं हैं, लेकिन, एक बार जम्मू-कटड़ा रेल ट्रैक का निरीक्षण किया जाना बेहद जरूरी था।
विद्युतीकरण के लिए ट्रैक पूरी तरह से तैयार
train
- फोटो : pti
सीआरएस निरीक्षण करते हुए शाम करीब चार बजे कटड़ा रेलवे स्टेशन पर पहुंचे और इंजीनियर व अन्य अधिकारियों के साथ ट्रैक पर चर्चा की। शाम करीब पांच बजे सीआरएस ने विद्युत इंजन का ट्रायल शुरू किया और करीब पौने सात बजे जम्मू पहुंचे। यहां सीआरएस ने बताया कि विद्युतीकरण के लिए ट्रैक पूरी तरह से तैयार है और उनकी तरफ से इसके लिए हरी झंडी दे दी गई है।
ट्रैक पर टनलों व पुलों से विद्युत लाइन में कोई परेशानी नहीं है। कुछ टनल में लीकेज है, लेकिन, इससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा। लीकेज हर टनल में रहती है। उनके पास इंजन चलने पर केबल में स्पार्किंग की शिकायत पहुंची थी।
निरीक्षण में उन्होंने पाया कि स्पार्किंग बिजली की नहीं थी। डीजल इंजन का धुआं कचरे के रूप में केबल पर जम जाता है और जब विद्युत इंजन चलता है वह कचरा स्पार्किंग करता है। इससे कोई खतरा नहीं है।
दो चार ट्रेनें चलने के बाद यह परेशानी दूर हो जाएगी। शुरूआत में एक या दो ट्रेनें चलाई जाएंगी और बिजली की समस्या हल हो जाएगी तोे फिर सभी ट्रेनें चलाई जाएंगी। वहीं डीआरएम अनुज प्रकाश ने कहा कि हरी झंडी मिलने के बाद उनकी तरफ से पूरा प्रयास होगा की जल्द से जल्द विद्युत इंजन ट्रेन इस ट्रैक पर चले।
ट्रैक पर टनलों व पुलों से विद्युत लाइन में कोई परेशानी नहीं है। कुछ टनल में लीकेज है, लेकिन, इससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा। लीकेज हर टनल में रहती है। उनके पास इंजन चलने पर केबल में स्पार्किंग की शिकायत पहुंची थी।
निरीक्षण में उन्होंने पाया कि स्पार्किंग बिजली की नहीं थी। डीजल इंजन का धुआं कचरे के रूप में केबल पर जम जाता है और जब विद्युत इंजन चलता है वह कचरा स्पार्किंग करता है। इससे कोई खतरा नहीं है।
दो चार ट्रेनें चलने के बाद यह परेशानी दूर हो जाएगी। शुरूआत में एक या दो ट्रेनें चलाई जाएंगी और बिजली की समस्या हल हो जाएगी तोे फिर सभी ट्रेनें चलाई जाएंगी। वहीं डीआरएम अनुज प्रकाश ने कहा कि हरी झंडी मिलने के बाद उनकी तरफ से पूरा प्रयास होगा की जल्द से जल्द विद्युत इंजन ट्रेन इस ट्रैक पर चले।