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मनरेगा के बकाए के लिए ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन
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उधमपुर। मनरेगा की बकाया देनदारियों को लेकर चिनैनी-घोरडी विधानसभा के वरिष्ठ नेता जगदेव सिंह जग्गा के नेतृत्व में चौका नाला गांव में स्थानीय लोगों ने ग्रामीण विकास विभाग (आरडीडी) के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि उनकी वर्ष 2016, 17 और 18 की एमजीनरेगा के सभी बकाए का जल्द भुगतान किया जाए।
वरिष्ठ नेता ने कहा कि इसमें बहुत सारी ऑफलाइन देनदारियां हैं जिन्हें ग्रामीण इंजीनियरिंग विंग की तकनीकी विंग की कमजोरियों की वजह से समयानुसार ऑनलाइन नहीं किया गया। पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने अपने कार्यकाल में परियोजना राहत की शुरूआत की थी। इसमें एमजी नरेगा के तहत पुलों का निर्माण करना था। आज पुलों का निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन वर्तमान सरकार 60-40 के अनुपात का उल्लंघन करने की बात कहकर स्थानीय विक्रेताओं का भुगतान नहीं कर रही है। जबकि सभी काम अनुमान अनुमोदन के बाद ही शुरू करवाए जाते हैं।
उन्होंने कहा कि गरीब विक्रेताओं, कुशल श्रमिकों, घोड़े और खच्चर चलाने वाले, सीमेंट, रेत, बजरी के कारोबारियों के अलावा छोटे दुकानदारों के करोड़ों रुपये जारी न करना सरकार की तानाशाही है। पिछले साल कमिश्नर सेक्रेटरी आरडीडी एवं पंचायती राज की कमिश्नर सेक्रेटरी शीतल नंदा ने उधमपुर का दौरा कर मनरेगा के तहत हुए कामों का निरीक्षण किया था। इसके बाद भी आज तक गरीब लोगों का पैसा नहीं दिया गया। उपराज्यपाल से अपील है कि जल्द इन गरीबों का पैसा दिया जाए, अन्यथा इन लोगों को साथ लेकर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
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वरिष्ठ नेता ने कहा कि इसमें बहुत सारी ऑफलाइन देनदारियां हैं जिन्हें ग्रामीण इंजीनियरिंग विंग की तकनीकी विंग की कमजोरियों की वजह से समयानुसार ऑनलाइन नहीं किया गया। पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने अपने कार्यकाल में परियोजना राहत की शुरूआत की थी। इसमें एमजी नरेगा के तहत पुलों का निर्माण करना था। आज पुलों का निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन वर्तमान सरकार 60-40 के अनुपात का उल्लंघन करने की बात कहकर स्थानीय विक्रेताओं का भुगतान नहीं कर रही है। जबकि सभी काम अनुमान अनुमोदन के बाद ही शुरू करवाए जाते हैं।
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उन्होंने कहा कि गरीब विक्रेताओं, कुशल श्रमिकों, घोड़े और खच्चर चलाने वाले, सीमेंट, रेत, बजरी के कारोबारियों के अलावा छोटे दुकानदारों के करोड़ों रुपये जारी न करना सरकार की तानाशाही है। पिछले साल कमिश्नर सेक्रेटरी आरडीडी एवं पंचायती राज की कमिश्नर सेक्रेटरी शीतल नंदा ने उधमपुर का दौरा कर मनरेगा के तहत हुए कामों का निरीक्षण किया था। इसके बाद भी आज तक गरीब लोगों का पैसा नहीं दिया गया। उपराज्यपाल से अपील है कि जल्द इन गरीबों का पैसा दिया जाए, अन्यथा इन लोगों को साथ लेकर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
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