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सेना ने दिव्यांग को दिलाई श्रवण मशीन और पेंशन
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फोटो......किश्तवाड़ में भारतीय सेना के सहयोग से एक विकलांग को मिला सामान।
- फोटो : UDHAMPUR
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किश्तवाड़। जिले के उपमंडल छात्रू के दूरदराज गांव में शौकत हुसैन (13) सेरेब्रल पाल्सी के मामले के साथ मानसिक मंदता के साथ लोकोमोटर दिव्यांगता के साथ पैदा हुआ। हालांकि, जिस उत्साह के साथ वह जीवन में आगे बढ़ा, वह सभी के लिए प्रेरणा है।
पहाड़ों में जीवन वास्तव में कठिन है। लेकिन, इसने शौकत को मजबूत बना दिया, और उसके धैर्य और संकल्प को मजबूत किया है। उसने हमेशा चित्रकार बनने और सामान्य जीवन जीने का सपना देखा है। मार्च महीने में छात्रू में सेना की राष्ट्रीय राइफल्स इकाई की ओर से देखे जाने तक उसके लिए जीवन सामान्य चल रहा था। उसके उत्साह को स्वीकार करते हुए सेना ने उसकी कठिनाइयों को कम करने के लिए कदम बढ़ाया।
सेना ने जिला समाज कल्याण कार्यालय से मदद लेने और शौकत को श्रवण यंत्र के साथ दिव्यांगता पेंशन देने का प्रयास किया। इसमें वह सफल भी रही। शौकत को श्रवण यंत्र और दिव्यांगता पेंशन दी गई। वह आत्मविश्वास से भरपूर है। अपनी नई श्रवण मशीन और पेंशन के साथ चित्रकार बनने का उसका सपना और भी मजबूत हो गया है।
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पहाड़ों में जीवन वास्तव में कठिन है। लेकिन, इसने शौकत को मजबूत बना दिया, और उसके धैर्य और संकल्प को मजबूत किया है। उसने हमेशा चित्रकार बनने और सामान्य जीवन जीने का सपना देखा है। मार्च महीने में छात्रू में सेना की राष्ट्रीय राइफल्स इकाई की ओर से देखे जाने तक उसके लिए जीवन सामान्य चल रहा था। उसके उत्साह को स्वीकार करते हुए सेना ने उसकी कठिनाइयों को कम करने के लिए कदम बढ़ाया।
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सेना ने जिला समाज कल्याण कार्यालय से मदद लेने और शौकत को श्रवण यंत्र के साथ दिव्यांगता पेंशन देने का प्रयास किया। इसमें वह सफल भी रही। शौकत को श्रवण यंत्र और दिव्यांगता पेंशन दी गई। वह आत्मविश्वास से भरपूर है। अपनी नई श्रवण मशीन और पेंशन के साथ चित्रकार बनने का उसका सपना और भी मजबूत हो गया है।

फोटो......किश्तवाड़ में भारतीय सेना के सहयोग से एक विकलांग को मिला सामान।- फोटो : UDHAMPUR
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