{"_id":"6454ed5305043f80c70b1c65","slug":"terrorist-organizations-upset-after-seeing-development-in-kashmir-pakistan-also-changed-strategy-2023-05-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"J&K: कश्मीर में आतंक की कमर टूटने से बौखलाए आतंकी, पाकिस्तान ने भी बदली रणनीति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
J&K: कश्मीर में आतंक की कमर टूटने से बौखलाए आतंकी, पाकिस्तान ने भी बदली रणनीति
Fri, 05 May 2023 05:19 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: विक्रांत चतुर्वेदी
Updated Fri, 05 May 2023 05:19 PM IST
सार
जम्मू कश्मीर में लगातार सेना पर कायराना हमले हो रहे हैं। राजोरी में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ में आज भी पांच जवानों ने अपनी जान गवां दी है। आतंकी जम्मू कश्मीर में हो रहे विकास कार्यों को लेकर परेशान है और इसीलिए पाकिस्तान ने भी नई साजिश रचना शुरू कर दिया है।
विज्ञापन
आतंकवाद
- फोटो : FILE PHOTO
विस्तार
जम्मू-कश्मीर में अमन शांति को भंग करने के लिए पाकिस्तान दशकों से अपनी नापाक हरकतों से बाज नहीं आ रहा है। घाटी में छुपे दहशतगर्द अब चोरी छुपे और पीछे से सेना पर हमले कर रहे हैं। इस वर्ष आतंकवादी विरोधी ऑपरेशनों में आतंकी संगठनों की लीडरशिप के खात्मे के बाद लोकल कैडर नहीं मिलने पर पाकिस्तान ने रणनीति बदल दी है। इसके तहत ज्यादा से ज्यादा पाकिस्तानी आतंकियों को इस पार धकेलने की कोशिश की जा रही है। इसका मकसद लीडरलेस आतंकी संगठनों की कमान एक बार फिर अपने हाथों में लेना चाहता है। लेकिन जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने पाकिस्तान के नापाक मंसूबों विफल करने के लिए तैयार है।
विज्ञापन
कश्मीर जोन पुलिस के अनुसार वर्ष 2022 में 165 से अधिक आतंकियों को ढेर किया गया है, जिनमें 40 से अधिक पाकिस्तानी आतंकवादी थे। आतंकियों की अधिकतर लीडरशिप का खात्मा कर दिया है। इस कारण उनके पास कमान संभालने के लिए अधिक विकल्प नहीं हैं। अब पाकिस्तान में बैठे आतंकी आका लीडरलेस ग्रुप पर दोबारा से पकड़ बनाने की फिराक में हैं। इतना ही नहीं, उनके पास स्थानीय कैडर की भी कमी है। जो स्थानीय युवा आतंकवाद में शामिल हो रहे हैं, ट्रेनिंग के अभाव में उनकी ‘शेल्फ लाइफ’ बहुत कम है।
विज्ञापन
डीजीपी बोले, नौजवानों को गुमराह करने वालों पर फोकस
डीजीपी दिलबाग सिंह के अनुसार ज्यादातर आतंकी तंगी में जो कश्मीर में ऑपरेट कर रही थीं, उनका स्ट्रक्चर काफी हद तक नष्ट हो चुका है। लीडरशिप बहुत हद तक खत्म हो चुकी है। पाकिस्तानी एजेंसियों खासकर लश्कर और जैश की कोशिश है कि आतंकियों की कमांड उनके ही हाथों में रहे ताकि वह उनके इशारों पर दहशत फैला सकें। उन्होंने कहा कि हमारी कोशिश है कि विदेशी दहशतगर्द जो यहां के नौजवानों को बरगलाते हैं और अमन-शांति में खलल डालते हैं उनपर फोकस करें।
विज्ञापन