{"_id":"6404dfc30146d24e723e928ddbe2b278","slug":"take-other-options-if-ceasefire-violations-by-pakistan-continue-says-omar","type":"story","status":"publish","title_hn":"'पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब देना जरूरी'","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
'पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब देना जरूरी'
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Mon, 21 Oct 2013 02:04 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू-कश्मीर में भारत-पाक सीमा पर पाकिस्तानी सैनिकों की लगातार गोलीबारी और सीजफायर के उल्लंघन से उमर अब्दुल्ला बेहद गुस्से में हैं।
विज्ञापन
प्रदेश के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कड़े शब्दों में कहा कि ऐसी घटनाएं एकतरफा नहीं हो सकती है। यह संभव नहीं है कि हम केवल सहते रहें और कोई जवाब नहीं दें।
विज्ञापन
उमर ने कहा कि यदि पाकिस्तान सीजफायर का उल्लंघन जारी रखता है तो केंद्र को अन्य विकल्पों पर भी गौर करना चाहिए।
इस साल सीजफायर की 136 घटनाएं हो चुकी हैं। यह पिछले आठ सालों का सबसे उच्चतम स्तर है।
पाक सैनिकों ने दागे गोले
पिछले चार दिनों से पाकिस्तानी रेंजर आरएस पुरा सेक्टर में न केवल संघर्ष विराम को तोड़े हैं, बल्कि गांवों को निशाना बनाकर गोले दाग रहे हैं।
रविवार की दोपहर सीमावर्ती गांव अब्दुल्लियां में दोपहर 12:50 बजे मोर्टार के दो गोले दागे गए। ये गोले खेतों में गिरे। हालांकि, भारतीय सुरक्षा बलों ने इसका कोई जवाब नहीं दिया। संयोग से इससे कोई जान-माल का नुकसान नहीं हुआ है।
विज्ञापन
वहीं दूसरी ओर रात साढ़े आठ बजे के करीब अरनिया सेक्टर के स्टॉप टू, पिंडी पोस्ट, टेंट गार्ड, पित्तल पोस्ट, निकोवाल आदि चौकियों पर पाक ने भारी गोलावारी शुरू कर दी। पाक की ओर से मोर्टार शेल भी दोगे जा रहे हैं।
दहशत का माहौल
पाक की ओर से दागे जाने वाले मोर्टार शेल के चलते अरनिया के सीमांत गांव पिंडी चाडकां, काकू दो कोठे, रक्ख आदि में लोगों में दहशत का माहौल है।
पाकिस्तानी रेंजरों ने गोले ग्रामीणों को निशाना बनाकर दागे थे, लेकिन उस समय ग्रामीण खेतों में काम पर नहीं गए थे। पाकिस्तान की लगातार गोलाबारी से सीमांत गांवों में दहशत है।
आरएस पुरा और सांबा के सीमावर्ती गांव के लोग पलायन को विवश हो गए हैं। रणवीर सिंह पुरा के सुचेतगढ़ से 200 ग्रामीण पलायन कर सुरक्षित स्थानों पर चले गए हैं।
दर्जनों लोगों ने सामुदायिक भवन में शरण ली हैं जबकि कुछ लोग जम्मू में अपने रिश्तेदारों के घर आ गए हैं। गांव में एक आदमी को मवेशियों की देखरेख के लिए रखा गया है।
बीएसएफ के चार जवान घायल
कठुआ में सीमांत गांवों में स्थिति की गंभीरता को देखते हुए कठुआ के डीसी जितेंद्र कुमार सिंह हीरानगर के कोठा पोस्ट के नजदीक गांव गुज्जर चक्क पहुंच कर ग्रामीणों को सुरक्षा का भरोसा दिया।
सांबा, कठुआ के इलाके में पाकिस्तानी सेना द्वारा लगातार सीजफायर का उल्लंघन कर गोले दागे जा रहे हैं जिसमें बीएसएफ के चार जवान घायल हो चुके हैं।
सेना ने घुसपैठ की कोशिश कर रहे एक आतंकी को शनिवार को ढेर कर दिया था।