{"_id":"6931ed37c2547854e300bd86","slug":"srinagar-gave-tribute-mohhamad-shekh-abdullah-srinagar-news-c-10-lko1027-778648-2025-12-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Srinagar News: शेर-ए-कश्मीर शेख मोहम्मद अब्दुल्ला की 120वीं जयंती पर दी भावपूर्ण श्रद्धांजलि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Srinagar News: शेर-ए-कश्मीर शेख मोहम्मद अब्दुल्ला की 120वीं जयंती पर दी भावपूर्ण श्रद्धांजलि
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- एनसी ने दोहराया-शेख का विजन आज भी पार्टी को मार्गदर्शन देता है
श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) के नेताओं व कार्यकर्ताओं ने वीरवार को शेर-ए-कश्मीर शेख मोहम्मद अब्दुल्ला की 120वीं जयंती पर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस अवसर पर उन्होंने जम्मू-कश्मीर की राजनीतिक, सामाजिक और सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने में शेख साहब के ऐतिहासिक योगदान को याद किया। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने शेर-ए-कश्मीर को दूरदर्शी राजनेता, निडर जननेता और लोगों के अधिकारों व सम्मान का चैंपियन बताया। उन्होंने कहा कि शेख का पूरा जीवन न्याय, सशक्तीकरण और जम्मू-कश्मीर के लोगों की राजनीतिक आकांक्षाओं के लिए संघर्ष रहा। सांप्रदायिक सौहार्द, सामाजिक समानता और लोकतांत्रिक मूल्यों में उनका अटूट विश्वास आज भी नई पीढ़ियों को प्रेरित करता है।
नेताओं ने याद किया कि शेख अब्दुल्ला आधुनिक जम्मू-कश्मीर के वास्तुकार थे और दबे-कुचले वर्गों की आवाज थे। भूमि सुधार (लैंड-टू-टिलर) जैसे ऐतिहासिक कदमों ने क्षेत्र की सामाजिक-आर्थिक तस्वीर बदल दी और लाखों परिवारों को गरीबी और शोषण से मुक्ति दिलाई। पार्टी ने दोहराया कि शेख का विजन आज भी पार्टी को लोगों के अधिकार, पहचान और लोकतांत्रिक आकांक्षाओं की रक्षा के संघर्ष में मार्गदर्शन देता है। जयंती के मौके पर सभी पदाधिकारियों, विधायकों और कार्यकर्ताओं ने शेर-ए-कश्मीर के अधूरे मिशन को पूरा करने और शांति, सम्मान व समावेशी प्रगति के उनके संदेश को आगे बढ़ाने की शपथ ली। ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) के नेताओं व कार्यकर्ताओं ने वीरवार को शेर-ए-कश्मीर शेख मोहम्मद अब्दुल्ला की 120वीं जयंती पर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस अवसर पर उन्होंने जम्मू-कश्मीर की राजनीतिक, सामाजिक और सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने में शेख साहब के ऐतिहासिक योगदान को याद किया। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने शेर-ए-कश्मीर को दूरदर्शी राजनेता, निडर जननेता और लोगों के अधिकारों व सम्मान का चैंपियन बताया। उन्होंने कहा कि शेख का पूरा जीवन न्याय, सशक्तीकरण और जम्मू-कश्मीर के लोगों की राजनीतिक आकांक्षाओं के लिए संघर्ष रहा। सांप्रदायिक सौहार्द, सामाजिक समानता और लोकतांत्रिक मूल्यों में उनका अटूट विश्वास आज भी नई पीढ़ियों को प्रेरित करता है।
विज्ञापन
नेताओं ने याद किया कि शेख अब्दुल्ला आधुनिक जम्मू-कश्मीर के वास्तुकार थे और दबे-कुचले वर्गों की आवाज थे। भूमि सुधार (लैंड-टू-टिलर) जैसे ऐतिहासिक कदमों ने क्षेत्र की सामाजिक-आर्थिक तस्वीर बदल दी और लाखों परिवारों को गरीबी और शोषण से मुक्ति दिलाई। पार्टी ने दोहराया कि शेख का विजन आज भी पार्टी को लोगों के अधिकार, पहचान और लोकतांत्रिक आकांक्षाओं की रक्षा के संघर्ष में मार्गदर्शन देता है। जयंती के मौके पर सभी पदाधिकारियों, विधायकों और कार्यकर्ताओं ने शेर-ए-कश्मीर के अधूरे मिशन को पूरा करने और शांति, सम्मान व समावेशी प्रगति के उनके संदेश को आगे बढ़ाने की शपथ ली। ब्यूरो
विज्ञापन