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राजा सुखदेव सिंह जिला अस्पताल का प्रधानमंत्री डायलसिस यूनिट गुर्दा रोगियों के लिए बना वरदान
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पुंछ। जिले में राजा सुखदेव सिंह जिला अस्पताल में पिछले वर्ष स्थापित किया गया प्रधानमंत्री डायलिसिस यूनिट गुर्दा रोगियों और उनके परिजनों के लिए एक वरदान बन रहा है। जिले के गुर्दा रोगी बिना एक पैसा खर्च किए अपना डायलिसिस यहीं पर करा रहे हैं। जिससे रोगियों और उनके परिजनों में भारी खुशी है।
दूर दराज के इस जिला मुख्यालय में डायलिसिस की सुविधा मिलने से खुश गुर्दा रोगियों के परिजन मुशताक अहमद, जाहिदा परवीन, गगनदीप, मोहम्मद अजीज, आदि का कहना है कि वह पहले गुर्दा रोग से पीड़ितों की डायलिसिस कश्मीर या जम्मू जाकर कराते थे। पिछले कई महीनों से कोरोना महामारी के कारण जिले से बाहर जाना संभव नहीं था। ऐसे में पुंछ में डायलिसिस की सुविधा होने से रोगियों की जान बच गई है। जम्मू या कश्मीर जाने में काफी पैसा भी खर्च होता था और समय भी बर्बाद होता था। दूर दराज के क्षेत्र में यह सुविधा उपलब्ध कराने के लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद किया।
जिला अस्पताल के कार्यकारी मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. मंजीत सिंह का कहना है कि इस अस्पताल की सबसे बेहतर उपलब्धि डायलिसिस युनिट ही है। कोरोना महामारी के दौरान भी यहां तीन सौ से अधिक डायलिसिस को अंजाम दिया गया है। इसे जिले के लगभग 30 रोगियों की जान बचाई गई है। यहां जिन लोगों का डायलिसिस किया जा रहा है, वह सभी पहले कश्मीर या जम्मू में डायलिसिस कराने जाते थे। जिला अस्पताल में महीने में 120 से 140 तक डायलिसिस किए जा रहे हैं जोकि एक बड़ी उपलब्धि है। यहां छह बिस्तर का अत्याधुनिक डायलिसिस यूनिट है, जहां हर एक बिस्तर के साथ एक नर्स रोगी के साथ डायलिसिस के पूरा समय साथ रह कर ध्यान रखती है।
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दूर दराज के इस जिला मुख्यालय में डायलिसिस की सुविधा मिलने से खुश गुर्दा रोगियों के परिजन मुशताक अहमद, जाहिदा परवीन, गगनदीप, मोहम्मद अजीज, आदि का कहना है कि वह पहले गुर्दा रोग से पीड़ितों की डायलिसिस कश्मीर या जम्मू जाकर कराते थे। पिछले कई महीनों से कोरोना महामारी के कारण जिले से बाहर जाना संभव नहीं था। ऐसे में पुंछ में डायलिसिस की सुविधा होने से रोगियों की जान बच गई है। जम्मू या कश्मीर जाने में काफी पैसा भी खर्च होता था और समय भी बर्बाद होता था। दूर दराज के क्षेत्र में यह सुविधा उपलब्ध कराने के लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद किया।
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जिला अस्पताल के कार्यकारी मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. मंजीत सिंह का कहना है कि इस अस्पताल की सबसे बेहतर उपलब्धि डायलिसिस युनिट ही है। कोरोना महामारी के दौरान भी यहां तीन सौ से अधिक डायलिसिस को अंजाम दिया गया है। इसे जिले के लगभग 30 रोगियों की जान बचाई गई है। यहां जिन लोगों का डायलिसिस किया जा रहा है, वह सभी पहले कश्मीर या जम्मू में डायलिसिस कराने जाते थे। जिला अस्पताल में महीने में 120 से 140 तक डायलिसिस किए जा रहे हैं जोकि एक बड़ी उपलब्धि है। यहां छह बिस्तर का अत्याधुनिक डायलिसिस यूनिट है, जहां हर एक बिस्तर के साथ एक नर्स रोगी के साथ डायलिसिस के पूरा समय साथ रह कर ध्यान रखती है।
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