उत्तराखंड और हिमाचल के बाद जम्मू कश्मीर पहुंची आग की लपटें
- चिंगस नारियां के जंगलों में धधक रही आग
- पेड़-पौधों समेत जीव-जंतुओं को भारी नुकसान
- वन विभाग और वन संरक्षण फोर्स आग बुझान में जुटी
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सूर्य की तेज किरणों ने अपना प्रचंड रूप दिखाना शुरू कर दिया है। गर्मी बढ़ने के साथ ही जंगलों में आग लगने की घटनाएं भी बढ़ने लगी हैं। जम्मू-राजोरी नेशनल हाईवे स्थित शहर के चिंगस नारियां क्षेत्र के जंगलों में भीषण आग लगी है। आग के चलते वन संपदा को भारी नुकसान पहुंच रहा है। जंगलों में पेड़-पौधों समेत जीव जंतु भी जल रहे हैं।
वन विभाग ने जंगलों में लगी आग पर काबू पाने के प्रयास शुरू कर दिए हैं। वन विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि वन विभाग और वन संरक्षण फोर्स संयुक्त रूप से आग पर काबू पाने का प्रयास कर रही है। वन संपदा को बचाने के प्रयास के भरसक प्रयास किए जा रहे हैं।
आग से इको सिस्टम के महत्वपूर्ण घटक कहे जाने वाले अन्य छोटे कीड़े-मकोड़े, चींटियों की प्रजातियां समेत अन्य जंतु भी जल रहे हैं। पेड़ों पर रहने वाले पक्षियों को भी नुकसान हुआ। पेड़ों पर इनके घोंसले जल गए हैं।
गर्मी बरपाने लगी कहर, पारा 36 डिग्री के पास
दो दिन से लगातार पड़ रही प्रचंड गर्मी ने अब कहर बरपाना शुरू कर दिया है। रविवार का दिन सीजन का अब तक का सबसे गर्म दिन रहा। शहर और आसपास के इलाकों में भीषण गर्मी के चलते हाहाकार मच गया है।
हालात यह हैं कि दोपहर बाद घरों से बाहर निकल पाना मुश्किल हो गया है। दोपहर को शहर की सड़कों पर सन्नाटा पसरने लगा है। गर्मी के साथ लू ने आग में घी डालने का काम करना शुरू कर दिया है। पंखे के साथ कूलर और एसी का प्रयोग बढ़ने लगा है।
बीजीएसबी विवि के मौसम विभाग के अनुसार रविवार को शहर का अधिकतम तापमान 36 डिग्री के पास पाया गया है, जबकि न्यूनतम तापमान 30 डिग्री मापा गया है। जिले के पहाड़ी इलाकों में भी पारा चढ़ने लगा है। बुद्धल, थन्नामंडी, दरहाल, कोटरंका तहसीलों में दिन में काफी गर्मी महसूस की जाने लगी है। हालांकि, सुबह और शाम को मौसम सुहाना जरूर बना रहता है।