{"_id":"579913d14f1c1b875d21e1bf","slug":"torrential-rain-streams-in-spate","type":"story","status":"publish","title_hn":"मूसलाधार बारिश से नदी-नाले उफान पर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मूसलाधार बारिश से नदी-नाले उफान पर
ब्यूरो/अमर उजाला,कठुआ
Updated Thu, 28 Jul 2016 01:34 AM IST
विज्ञापन
निचले इलाकों का बुरा हाल, पाश कालोनियों में भी जलभराव
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मंगलवार देर रात से जारी बारिश ने इस सीजन का रिकार्ड तोड़ दिया है। बुधवार देर शाम तक जिले के विभिन्न इलाकों में बारिश जारी थी। कृषि विज्ञान केंद्र
की एग्रोमेट यूनिट के अनुसार 16 घंटे में आसमान से 110 एमएम बारिश बरसा है। लगातार जारी इस बारिश से मक्की समेत दालों और सब्जी की फसल
को खतरा मंडराने लगा है। कृषि विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञों ने इस संबंध में किसानों को एडवाइजरी भी जारी कर दी है। विभाग के प्रोग्राम कोआर्डिनेटर डॉ.
अमरीश वैद ने बताया कि मंगलवार रात से बुधवार दोपहर तक जारी बारिश इस सीजन की सबसे ज्यादा बारिश है। इस दौरान 110 एमएम बारिश रिकार्ड
की गई, जबकि आसमान से पानी गिरने का सिलसिला लगातार जारी है। उन्होंने किसानों को हिदायत देते हुए कहा कि मक्की की फसल का विशेष ध्यान
दिया जाए। बारिश का पानी खेतों में जमा होने से फसल को भारी नुकसान हो सकता है। ऐसे में खेतों से पानी की निकासी के उचित प्रबंध किए जाने चाहिए।
उन्होंने सब्जी और दालों के संबंध में भी विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बारिश जारी रहने की संभावना है।
विज्ञापन
की एग्रोमेट यूनिट के अनुसार 16 घंटे में आसमान से 110 एमएम बारिश बरसा है। लगातार जारी इस बारिश से मक्की समेत दालों और सब्जी की फसल
को खतरा मंडराने लगा है। कृषि विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञों ने इस संबंध में किसानों को एडवाइजरी भी जारी कर दी है। विभाग के प्रोग्राम कोआर्डिनेटर डॉ.
अमरीश वैद ने बताया कि मंगलवार रात से बुधवार दोपहर तक जारी बारिश इस सीजन की सबसे ज्यादा बारिश है। इस दौरान 110 एमएम बारिश रिकार्ड
की गई, जबकि आसमान से पानी गिरने का सिलसिला लगातार जारी है। उन्होंने किसानों को हिदायत देते हुए कहा कि मक्की की फसल का विशेष ध्यान
दिया जाए। बारिश का पानी खेतों में जमा होने से फसल को भारी नुकसान हो सकता है। ऐसे में खेतों से पानी की निकासी के उचित प्रबंध किए जाने चाहिए।
उन्होंने सब्जी और दालों के संबंध में भी विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बारिश जारी रहने की संभावना है।