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स्वास्थ्य और शिक्षा की नई योजनाओं का साक्षी बनेगा कठुआ : डॉ. जितेंद्र
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कठुआ। जम्मू-कश्मीर में दाखिल होने पर लखनपुर से हर एक किलोमीटर पर विकास के स्मारक हैं। जल्द ही हिमाचल, पंजाब और जम्मू कश्मीर को लाभ देने वाली शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी नई परियोजनाएं भी कठुआ में लाई जाएंगी। 25 वर्ष बाद भारत विकास के लिहाज से जब शिखर पर होगा, तब कठुआ भी अपने विकास के इन मील पत्थरों से अपनी विकास यात्रा को बयां करेगा। यह बातें कठुआ में मोदी सरकार के आठ वर्ष पर आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहीं। उन्होंने मोदी सरकार और विशेषकर उधमपुर-डोडा कठुआ लोकसभा क्षेत्र में तय की गई विकास यात्रा पर बात रखी।
उन्होंने कहा कि यही एक ऐसा लोकसभा क्षेत्र है, जहां तीन जीएमसी शुरू किए गए। कठुआ में परमाणु ऊर्जा विभाग के माध्यम से कैंसर अस्पताल खोले जाने के प्रयास जारी हैं। इसके साथ-साथ उज्ज मल्टीपर्पज परियोजना को लेकर दस्तावेज तैयार हो चुके हैं। उम्मीद है कि अगले दो से तीन महीने में इसका काम शुरू हो जाएगा। कहा कि नए औद्योगिक क्षेत्र स्थापित किए जा रहे हैं, इसमें लोग सोचें कि वहां कैसे उद्योग लगाने हैं। बताया कि जिले में बांस के तीन कल्स्टर तैयार किए जाएंगे, जहां अगरबत्ती, टोकरी और कोयले का उत्पादन होगा।
बताया कि अगरबत्ती का आयात कोरिया और चीन से किया जाता रहा है। कहा कि यदि पूर्वोत्तर इस दिशा में आगे बढ़ सकता है, तो जम्मू-कश्मीर में भी अपार संभावनाएं हैं। ऐसे ही और क्षेत्रों पर भी काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 25 वर्ष बाद जब विकास की बात होगी, तो उनमें कठुआ के घाटी में तैयार बायोटेक पार्क, एक्सप्रेस वे, उज्ज और शाहपुर कंडी परियोजना, इंजीनियरिंग कॉलेज, कीड़ियां गंडियाल पुल के साथ-साथ दर्जनों और परियोजनाओं का नाम भी जुड़ेगा। मंत्री ने ब्रिगेडियर राजेंद्र सिंह को भी याद किया। कहा कि जिस तरह से उन्होंने डोगरों का नाम पूरी दुनिया में रोशन किया, उसी भाव से डुग्गन क्षेत्र का नाम आगे बढ़ाया जाएगा।
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लखनपुर से हर एक किलोमीटर पर विकास के स्मारक
डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि लखनपुर से शुरूआत की जाए तो अटल सेतु, महाराजा गुलाब सिंह, सीड प्रॉसेसिंग, बायोटेक, हाईवे विलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, कीड़ियां गंडियाल पुल समेत हर एक किलोमीटर पर विकास के स्मारक हैं। उन्होंने कहा कि जो लोग कहते हैं कि पिछले आठ साल में काम नहीं हुए वो हमारे काम के लाभार्थी हैं। कांग्रेस वाले भी अपने बच्चों को कहेंगे कि दिल्ली छह घंटे में पहुंचोगे, ऐसे में दिल्ली-कटड़ा एक्सप्रेस वे से जाएं। उन्होंने कहा कि काम खुद दिखता है और खुद बोलता है। मंत्री ने कहा कि 40 साल से शाहपुर कंडी परियोजना रूकी थी, सिंचाई से इलाका मालामाल होना था। तत्कालीन ताकतें नहीं चाहती थीं, लेकिन मोदी सरकार ने इस परियोजना को प्राथमिकता दी। बायोटेक पार्क कश्मीर से भी पहले कठुआ का तैयार हो चुका है। उधमपुर के देविका घाट का जीर्णोद्धार हो चुका है।
इस बार दो महीने की होगी अमरनाथ यात्रा
श्री अमरनाथ यात्रा को लेकर केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि यह यात्रा भी सरकार की उपलब्धि है। पहले दस-दस दिन की यात्रा होती थी और कई बार तो स्थगित हो गई। लेकिन इस बार लगभग दो महीने की यात्रा आयोजित होगी। इसके लिए व्यापक इंतजाम सुनिश्चित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि भद्रवाह में दो समुदायों के बीच तनाव के बाद कर्फ्यू के संबंध में उन्होंने कहा कि वहां हालात अब सामान्य हुए हैं।
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उन्होंने कहा कि यही एक ऐसा लोकसभा क्षेत्र है, जहां तीन जीएमसी शुरू किए गए। कठुआ में परमाणु ऊर्जा विभाग के माध्यम से कैंसर अस्पताल खोले जाने के प्रयास जारी हैं। इसके साथ-साथ उज्ज मल्टीपर्पज परियोजना को लेकर दस्तावेज तैयार हो चुके हैं। उम्मीद है कि अगले दो से तीन महीने में इसका काम शुरू हो जाएगा। कहा कि नए औद्योगिक क्षेत्र स्थापित किए जा रहे हैं, इसमें लोग सोचें कि वहां कैसे उद्योग लगाने हैं। बताया कि जिले में बांस के तीन कल्स्टर तैयार किए जाएंगे, जहां अगरबत्ती, टोकरी और कोयले का उत्पादन होगा।
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बताया कि अगरबत्ती का आयात कोरिया और चीन से किया जाता रहा है। कहा कि यदि पूर्वोत्तर इस दिशा में आगे बढ़ सकता है, तो जम्मू-कश्मीर में भी अपार संभावनाएं हैं। ऐसे ही और क्षेत्रों पर भी काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 25 वर्ष बाद जब विकास की बात होगी, तो उनमें कठुआ के घाटी में तैयार बायोटेक पार्क, एक्सप्रेस वे, उज्ज और शाहपुर कंडी परियोजना, इंजीनियरिंग कॉलेज, कीड़ियां गंडियाल पुल के साथ-साथ दर्जनों और परियोजनाओं का नाम भी जुड़ेगा। मंत्री ने ब्रिगेडियर राजेंद्र सिंह को भी याद किया। कहा कि जिस तरह से उन्होंने डोगरों का नाम पूरी दुनिया में रोशन किया, उसी भाव से डुग्गन क्षेत्र का नाम आगे बढ़ाया जाएगा।
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लखनपुर से हर एक किलोमीटर पर विकास के स्मारक
डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि लखनपुर से शुरूआत की जाए तो अटल सेतु, महाराजा गुलाब सिंह, सीड प्रॉसेसिंग, बायोटेक, हाईवे विलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, कीड़ियां गंडियाल पुल समेत हर एक किलोमीटर पर विकास के स्मारक हैं। उन्होंने कहा कि जो लोग कहते हैं कि पिछले आठ साल में काम नहीं हुए वो हमारे काम के लाभार्थी हैं। कांग्रेस वाले भी अपने बच्चों को कहेंगे कि दिल्ली छह घंटे में पहुंचोगे, ऐसे में दिल्ली-कटड़ा एक्सप्रेस वे से जाएं। उन्होंने कहा कि काम खुद दिखता है और खुद बोलता है। मंत्री ने कहा कि 40 साल से शाहपुर कंडी परियोजना रूकी थी, सिंचाई से इलाका मालामाल होना था। तत्कालीन ताकतें नहीं चाहती थीं, लेकिन मोदी सरकार ने इस परियोजना को प्राथमिकता दी। बायोटेक पार्क कश्मीर से भी पहले कठुआ का तैयार हो चुका है। उधमपुर के देविका घाट का जीर्णोद्धार हो चुका है।
इस बार दो महीने की होगी अमरनाथ यात्रा
श्री अमरनाथ यात्रा को लेकर केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि यह यात्रा भी सरकार की उपलब्धि है। पहले दस-दस दिन की यात्रा होती थी और कई बार तो स्थगित हो गई। लेकिन इस बार लगभग दो महीने की यात्रा आयोजित होगी। इसके लिए व्यापक इंतजाम सुनिश्चित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि भद्रवाह में दो समुदायों के बीच तनाव के बाद कर्फ्यू के संबंध में उन्होंने कहा कि वहां हालात अब सामान्य हुए हैं।