फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Kathua News ›   cultural

ज्वाला मां के जयकारों से गूंजी ढग्गर की वादियां

विज्ञापन
cultural
कठुआ/बनी। बनी के दूरदराज ढग्गर इलाके में बुधवार तड़के पूरा इलाका मां ज्वाला के जयघोष से गूंज उठा। पारंपरिक ढोल और बांसुरी की धुन पर श्रद्धालु रातभर झूमते हुए मां का आह्वान करते रहे। दूरदराज के पहाड़ों पर मशाल ऐसे जल रही थीं, मानो किसी ने एक बड़ी ज्योति प्रज्ज्वलित की हो।
विज्ञापन

मां ज्वाला के मंदिर की परिक्रमा और फिर एक साथ मशाल को जलाकर उठे अंगार के बीच से गुजरे मंदिर के पुजारी हुक्म चंद ने लोगों को अचंभित कर दिया। इसी के साथ बनी के ढग्गर में ज्वाला मां की वार्षिक जागरण यात्रा संपन्न हो गई। क्षेत्र की सुख समृद्धि और मां ज्वाला की कृपा क्षेत्र के लोगों पर बनी रहे इसी की कामना लिए बड़ी संख्या भक्त यात्रा में शामिल हुए।
विज्ञापन

स्थानीय लोगों की माने तो ढग्गर के ज्वाला मां मंदिर की मान्यता हिमाचल के ज्वालाजी धाम से जुड़ी है। यहीं से लाकर मां की मूर्ती ढग्गर में स्थापित की गई थी। लोगों ने बताया कि सदियों से गांव में ज्वाला मां की पूजा होती है और क्षेत्र के लोग हर साल यात्रा निकालते हैं। इसमें रात के समय लोग घरों से मशाल लेकर मां का जयघोष करते हुए मंदिर प्रांगण में एकत्र होते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

सभी मंदिरों की परिक्रमा के उपरांत भक्तों की मशाल एक जगह पर दहन की जाती है, जिससे निकलते अंगारों से पुजारी पैदल सकुशल बाहर निकलते हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार बुधवार रात दादा बलिदानू नाग देवता के जागरण के बाद वीरवार को कुड नृत्य से इसका समापन होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed