वादी में अब प्रीपेड मोबाइल से भी होंगे SMS
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लोकसभा चुनावों में नेशनल कांफ्रेंस की करारी हार के बाद मुख्यमंत्री द्वारा शुरू किए सुधार कार्यक्रमों के बीच जम्मू कश्मीर के करीब 40 लाख प्रीपेड मोबाइल उपभोक्ताओं को साढ़े तीन साल बाद राहत मिली है।
हार के कारण जानने के लिए इंटरनेट पर इमेल के जरिए लोगों से फीड बैक के बाद मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने जम्मू कश्मीर में प्रीपेड मोबाइल एसएमएस पर प्रतिबंध हटाने का फैसला लिया है।
उमर ने ट्विटर पर लिखा, ‘मेल पर लोगों की प्रतिक्रियाओं के आधार पर किए जा रहे सुधारात्मक उपायों के तहत एसएमएस प्रतिबंध हटाने के मैंने आदेश दे दिए हैं।’
सरकार ने जारी किया बयान
मुख्यमंत्री के निर्देश पर राज्य गृह विभाग ने 22 दिसंबर 2010 से प्रीपेड एसएमएस पर सुरक्षा कारणों से लगे प्रतिबंध को हटाने के औपचारिक आदेश मंगलवार देर शाम जारी कर दिए। 2013 में पोस्टपेड सेवा से प्रतिबंध हटा दिया था, लेकिन प्रीपेड पर प्रतिबंध जारी रखा गया था।
सरकार की ओर से जारी एक विज्ञप्ति में कहा गया है, "मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के निर्देश पर राज्य में प्रीपेड सेल फोन से एसएमएस पर से प्रतिबंध हटा दिया गया है।"
बयान में कहा गया है, "प्रीपेड के ग्राहकों ने मुख्यमंत्री से इस संबंध में आग्रह किया था और उन्होंने संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिया है।"