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अनहोनी से बचने के लिए घर के द्वार पर बनाए जा रहे हैं स्वस्तिक

Thu, 29 Jun 2017 01:46 PM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर Updated Thu, 29 Jun 2017 01:46 PM IST
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Swastiks are being made at the door of the house
घर के बाहर हाथ का छापा लगाती महिला - फोटो : amar ujala
जैसलमेर में बाल काटने और शरीर पर त्रिशूल उकेरने की अफवाहों से भयभीत लोगों ने बचने के लिए धार्मिक टोटके प्रारंभ कर दिए हैं। जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाएं घरों के मुख्य द्वार पर कुमकुम से हाथ और स्वस्तिक के निशान उकेरकर बुरी शक्तियों को दूर भगाने के प्रयास कर रही हैं।
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दरअसल, जैसलमेर, जोधपुर, बीकानेर और बाड़मेर सहित आसपास के कई इलाकों में लगातार ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं कि कोई महिलाओं के बाल काटकर ले जा रहा है। इसके बाद पोकरण शहर सहित अन्य आसपास के लोगों में भय व्याप्त है। लोगों का कहना है कि कोई तांत्रिक क्रियाओं को करने के लिए महिलाओं के बाल काट रहा है। ऐसी घटनाओं से बचने के लिए लोग अपने स्तर पर ही उपाय करने में जुटे हैं। लोगों का मानना है कि हिंदु धर्म के अनुसार घर के द्वार पर स्वस्तिक होने से नकारात्मक ऊर्जा घर में नहीं आती है।
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इसी के चलते अनहोनी घटना से बचने के लिए महिलाएं घरों के बाहर कुमकुम से हाथ और स्वस्तिक बना रही हैं ताकि अदृष्य शक्तियों से बचा जा सके। हालांकि, बुधवार को जैसलमेर पुलिस अधीक्षक गौरव यादव ने समस्त जिलेवासियों से अपील की थी कि अंधविश्वास को पनपाने वाली भ्रामक बातों पर विश्वास ना करें। यह घटनाएं किसी व्यक्ति द्वारा स्वयं को सोशल मीडिया पर प्रचलित करने के लिए भी की जा सकती है।
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