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रणथम्भौर से फिर आयी खुशखबरी, तेज से बढ़ रहा है इनका कुनबा...
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Thu, 08 Jun 2017 11:42 AM IST
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फाइल फोटो।
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रणथम्भौर टाइगर रिजर्व से वन्यजीव प्रेमियों के लिए फिर से खुशखबरी आई है। बाघों के लिए मशहूर इस रिजर्व में टी—79 बाघिन ने शावकों को जन्म दिया है। यह जानकारी बीती रात्रि कैमरा ट्रेप में आई एक नन्हे शावक की तस्वीर के बाद सामने आयी है।
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यह शावक रणथम्भौर के फलौदी रेंज के पंडया की तलाई ईलाके में दिखा है। नन्हे शावक के दिखने के बाद वन विभाग में मॉनिटरिंग बढ़ा दी है। हालांकि वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शावकों की संख्या एक से अधिक हो सकती है। क्योंकि जो पगमार्क मिले है वह एक से अधिक शावकों के है।
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गौरतलब है कि रणथम्भौर टाइगर रिजर्व करीब 400 वर्ग किमी में फैला है। जिसमें मार्च 2017 तक बाघों की संख्या 62 थी। यहां तेजी से बढ़ रहें बाघों के कुनबे ने वन्यजीव विशेषज्ञों को यह सोचने पर भी मजबूर कर दिया है कि बढ़ती संख्या कहीं कोई परेशानी का कारण ना बन जाए।
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गौरतलब है राजस्थान में रणम्भौर के अतिरिक्त अलवर जिले में सरिस्का टाइगर रिजर्व भी है। जब सरिस्का में बाघ शिकार के कारण के खत्म हो गए थे तब रणम्भौर से ही पहली बाघों का पुर्नवास सरिस्का में किया गया था।