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बहन पर थी तांत्रिक की गंदी नजर, भाई ने कर दी हत्या
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Sun, 05 Nov 2017 05:08 PM IST
मृतक
- फोटो : amar ujala
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राजस्थान के भिवाड़ी के बाबा मोहनराम मंदिर में दर्शन करने मेरठ से आए तांत्रिक की युवक ने देशी कट्टे से गोली मारकर हत्या कर दी। वारदात के बाद बाबा के साथ आए सेवकों ने आरोपी युवक को दबोच कर पुलिस के हवाले कर दिया।
भिवाड़ी फूलबाग थाना एसएचओ विक्रांत शर्मा ने बताया कि यूपी के गाजियाबाद जिला निवासी चंद्रपाल यादव मेरठ के शताब्दी नगर में बाबा मोहनराम का मंदिर बनाकर परिवार के साथ वहीं रहता था। तांत्रिक चंद्रपाल तंत्र-मंत्र से झाड़फूंक का काम करता था। उसके पास मेरठ के मवाना थाना क्षेत्र के भिटवारा निवासी वीरसिंह का परिवार झाड़फूंक करवाने आता था। इस दौरान चंद्रपाल ने वीरसिंह के परिवार से नजदीकियां बढ़ा ली और उसके घर जाने लगा। चंद्रपाल काफी समय से वीरसिंह की बेटी का इलाज कर रहा था, लेकिन उसे कोई फायदा नहीं हुआ।
तभी चंद्रपाल उस पर गंदी नजर रखने लगा। यह बात वीरसिंह की बेटी ने अपने भाई सुमित गुर्जर को बताई तो वह आग बबूला हो गया। अब सुमित चंद्रपाल के उनके घर आने पर आपत्ति जताने लगा, लेकिन झाड़फूंक में अंधे परिवार ने उसकी एक ना मानी। फिर सुमित ने अपनी बड़ी बहन की आबरू बचाने के लिए तांत्रिक चंद्रपाल की हत्या करने की योजना बनाई और मौके की तलाश में जुट गया।
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भिवाड़ी फूलबाग थाना एसएचओ विक्रांत शर्मा ने बताया कि यूपी के गाजियाबाद जिला निवासी चंद्रपाल यादव मेरठ के शताब्दी नगर में बाबा मोहनराम का मंदिर बनाकर परिवार के साथ वहीं रहता था। तांत्रिक चंद्रपाल तंत्र-मंत्र से झाड़फूंक का काम करता था। उसके पास मेरठ के मवाना थाना क्षेत्र के भिटवारा निवासी वीरसिंह का परिवार झाड़फूंक करवाने आता था। इस दौरान चंद्रपाल ने वीरसिंह के परिवार से नजदीकियां बढ़ा ली और उसके घर जाने लगा। चंद्रपाल काफी समय से वीरसिंह की बेटी का इलाज कर रहा था, लेकिन उसे कोई फायदा नहीं हुआ।
तभी चंद्रपाल उस पर गंदी नजर रखने लगा। यह बात वीरसिंह की बेटी ने अपने भाई सुमित गुर्जर को बताई तो वह आग बबूला हो गया। अब सुमित चंद्रपाल के उनके घर आने पर आपत्ति जताने लगा, लेकिन झाड़फूंक में अंधे परिवार ने उसकी एक ना मानी। फिर सुमित ने अपनी बड़ी बहन की आबरू बचाने के लिए तांत्रिक चंद्रपाल की हत्या करने की योजना बनाई और मौके की तलाश में जुट गया।
ऐसे दिया वारदात को अंजाम
आरोपित
- फोटो : amar ujala
चंद्रपाल मोहनराम मंदिर में अपने सेवको के साथ हर महीने यहां भिवाड़ी आकर दर्शन किया करता था। गत शनिवार को दोपहर बाद करीब तीन बजे चंद्रपाल अपने भक्तों के साथ काली खोली पहुंचा और बंशी धर्मशाला में ठहरा। उसका पीछा करते हुए आरोपी सुमित भी पहुंच गया। यहां रात करीब सवा नौ बजे मौका देखकर चंद्रपाल के कनपटी पर देशी कट्टे से गोली मार दी। इससे चंद्रपाल की मौके पर ही मौत हो गई। इस दौरान वहां मौजूद लोगों ने उसे दबोच लिया। जिसके बाद उसे पुलिस के हवाले कर दिया।