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Lalu Prasad Yadav: जब लालू बोले थे- 126 साल तक जिएंगे, जानिए राजद सुप्रीमो के जीवन के अनकहे किस्से

Wed, 06 Jul 2022 06:57 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: निर्मल कांत Updated Wed, 06 Jul 2022 06:57 PM IST
सार

एक बार एक टीवी चैनल के कार्यक्रम में लालू यादव ने बताया था कि वह 126 साल तक जिएंगे। इस दौरान उन्होंने एक ज्योतिषी से जुड़ा किस्सा भी सुनाया था। 

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When Lalu prasad yadav said he will live for 126 years, know the untold stories of the life of RJD supremo
राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

राजद सुप्रीमो व बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव इन दिनों गंभीर रूप से बीमार हैं। बीते रविवार को वह पटना स्थित घर में सीढ़ियों से उतरते वक्त गिर गए थे। इस दौरान उनके कंधे की हड्डी टूट गई। उनके शरीर के अन्य हिस्सों पर भी गंभीर चोटें आईं। उन्हें उपचार के लिए एयर एंबुलेंस से दिल्ली  लाया जाएगा। 
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लालू प्रसाद यादव के स्वास्थ्य की इस समय खूब चर्चा हो रही है लेकिन एक समय ऐसा भी था जब वह अपने चुटीले अंदाज  से हर किसी के चेहरे पर मुस्कान बिखेर देते थे। लालू अपनी ठेठ गवई शैली से जनता से सीधे जुड़ते रहे हैं। जनता को भी लगता था कि हमारे बीच का ही आदमी है। आइए लालू प्रसाद यादव के जीवन के कुछ दिलचस्प किस्से जानते हैं-
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दामन पर लगा घोटाले का दाग तो बनाई पार्टी
लालू यादव ने 5 जुलाई 1997 को ने राजद का गठन किया था। उस वक्त लालू जनता दल के अध्यक्ष और बिहार के मुख्यमंत्री थे। दरअसल तब चारा घोटाले के जांच की आंच लालू तक पहुंच गई थी। सीबीआई ने चार्जशीट तैयार कर ली थी। जनता दल का एक धड़ा लालू पर पार्टी के अध्यक्ष और बिहार के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने का दबाव बना रहा था। 
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दबाव के बीच लालू ने अपने करीबियों के साथ जनता दल छोड़कर नई पार्टी बना ली। इसी के साथ राष्ट्रीय जनता दल यानी राजद का गठन हुआ। लालू यादव राजद के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने। राजद के गठन के 20 दिन बाद (25 जुलाई 1997) लालू ने सीएम के पद से इस्तीफा दे दिया। उनकी जगह  पत्नी राबड़ी देवी को मुख्यमंत्री बनाया गया।

जब सीएम हाउस में भूत छोड़कर गए थे लालू
बिहार के मुख्यमंत्री और और जनता दल यूनाइटेड के प्रमुख नीतीश कुमार ने नए साल पर राजद सुप्रीमो लालू को याद किया था। उन्होंने कहा था कि मुख्यमंत्री आवास में तो लालू यादव भूत छोड़कर गए थे। साल 2006 की घटना के बारे में नीतीश ने नए साल पर आयोजित मिलन समारोह में कई पुरानी यादों को ताजा किया था। 

नीतीश कुमार ने कहा था कि जब वह मुख्यमंत्री आवास में रहने आए ते तब लालू-राबड़ी दंपति कैंपस से दो फीट मिट्टी तक ले  गए थे। घर की दीवारों पर कई जगह छोटी-छोटी पुड़िया रख गए थे। हम समझ नहीं पा रहे थे कि ये क्या है। तब लालू यादव ने चुटकी लेकर कहा था कि वह सीएम हाउस में भूत छोड़कर आए ते। उन्होंने तब टोना-टोटका और अंधविश्वास की कई बातें की थीं। 

जब लालू बोले थे-  126 साल तक जिएंगे  
एक बार एक टीवी चैनल के कार्यक्रम में लालू यादव ने बताया था कि वह 126 साल तक जिएंगे। इस दौरान उन्होंने एक ज्योतिषी से जुड़ा किस्सा भी सुनाया था। कार्यक्रम के दौरान लालू यादव ने बताया कि एक बार एक ज्योतिषी पटना आए थे। उनके कान पर भी बाल थे और मेरे कान पर भी बाल है। मेरे कान पर बाल देखकर उन्होंने कहा कि मेरी उम्र 126 साल है। एंकर ने लालू पूछा कि आप कैसे ज्योतिष के चक्कर में पड़ गए? इस पर उन्होंने कहा कि तंत्र मंत्र षड्यंत्र इस देश में बहुत पहले से हैं।

हम लड़की तो नहीं न..हम शुरू से छोटा बाल रखते हैं
लालू यादव पर राजद के राज्य कार्यकारिणी सदस्य जयंत जिज्ञासु ने 'द किंग मेकर -लालू प्रसाद यादव की अनकही' दास्तान लिखी है। इसमें जिक्र किया गया है कि  हेयर स्टाइल को साधना कट कहकर उनका मजाक उड़ाने वालों को लालू कहते हैं- "हम लड़की तो नहीं हैं न। हम शुरू से छोटा बाल रखते हैं। हमारा बाल खड़ा रहता है। कहिएगा तो सूतो तो खड़ा, हम न कंघी रखते हैं, न अपना मुंह देखते हैं आईना में...।"

लालू कहते हैं- बाल खड़ा रहने से माथा खुजलाता है और गर्दन में दर्द होता है। बाल छोटा होने से मैं अपने हाथ से ही कंघी का काम कर लेता हूं, थोड़ाy इसको ठोक-ठाक के बच्चे की तरह सुला देता हूं कि सूते रहो। बड़ा बाल रखने से कोई भी उसको पकड़ के दुई मुक्का मार सकता है। छोटा बाल रखने से हाथ में बंधाएगा नहीं। 

पुलिस का नहीं, बिहार का दरोगा बनो
जयंत की किताब में एक प्रसंग का जिक्र किया गया है कि जब उन्होंने दरोगा की नौकरी की पैरवी कराने आए एक सज्जन को कह दिया कि तुम ताने का दरोगा बनाना चाहते हो, बिहार का दरोगा बनो। और उन्हें चुनाव  लड़ने की सलाह दी। उन सज्जन के पास पैसे नहीं थे तो उन्हें सवा लाख रुपये चुनाव लड़ने के लिए भी दिए। संयोग से वे चुनाव जीत गए। ये थे सुरेश पासवान। 


उस चुनाव में खर्च के बाद 25 हजार बच गए तो वे लौटाने  पहुचं गए। कहा कि ये आपकी अमानत थी। इस पर लालू ने कहा -इसे अपने पास रखो। तुम्हारे काम आएंगे। पासवान कहते हैं 1997 में राबड़ी सरकार बनी तो उन्हें मंत्री बनाया गया। ऐसी कई अनकही दास्तान हैं जिन्हें कम लोग ही जानते हैं। 
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