उद्धव का पीएम को खत: जीएसटी रिटर्न में मोहलत और गरीबों को नकद सहायता देने की मंजूरी का आग्रह
कोरोना की दूसरी लहर में महाराष्ट्र में तीव्र संक्रमण और मिनी लॉकडाउन के बीच मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर महामारी से निपटने के लिए कुछ महत्वपूर्ण कदम उठाने के सुझाव दिए हैं।
ठाकरे ने मांग की कि छोटे व मध्यम श्रेणी के करदाताओं के लिए मार्च व अप्रैल के जीएसटी रिटर्न भरने के लिए तीन माह की मोहलत दी जाए और राज्य में लागू मिनी लॉकडाउन के दौरान अंत्योदय अन्नदाता योजना और प्राथमिकता वाले परिवारों के प्रत्येक वयस्क सदस्य के लिए 100 रुपये और बच्चों के लिए 60 रुपये रोज सहायता राशि देने की मंजूरी दी जाए।
मुख्यमंत्री ठाकरे ने पीएम मोदी को लिखे पत्र में कहा है कि राज्य में महामारी को प्राकृतिक आपदा घोषित करने के बाद राज्य आपदा राहत कोष (एसडीआरएफ) से उक्त सहायता राशि देना होगी। इसके लिए केंद्र सरकार इस कोष में अपने हिस्से की पहली किस्त जल्द से जल्द जारी करे। पत्र में उन्होंने बताया कि राज्य में महामारी के विकट हालात के चलते मिनी लॉकडाउन लागू करना जरूरी हो गया था। एसडीआरएफ फंड में जहां केंद्र सरकार 75 फीसदी फंड देती है, वहीं महाराष्ट्र सरकार बाकी का 25 प्रतिशत।
पांच हजार करोड़ का पैकेज घोषित
बता दें, महाराष्ट्र में महामारी के विकराल रूप लेने के बाद 14 अप्रैल की रात आठ बजे से 15 दिनों के लिए मिनी लॉकडाउन घोषित किया गया है। राज्य सरकार ने लॉकडाउन से पीड़ित लोगों के लिए पांच हजार 476 करोड़ रुपये का पैकेज भी घोषित किया है। इसमें हर पात्र व्यक्ति को तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल मुफ्त मिलेंगे। एक महीने के लिए शिव भोजन थाली भी मुफ्त में मुहैया कराई जाएगी। लाइसेंस प्राप्त हॉकर, ऑटोरिक्शा चालकों और रजिस्टर्ड वर्करों को 1500 रुपये नकद राशि दी जाएगी।
Maharashtra Chief Minister Uddhav Thackeray writes to Prime Minister Narendra Modi suggesting various measures to be undertaken in view of the #COVID19 pandemic. pic.twitter.com/maXtfDdlR6
— ANI (@ANI) April 15, 2021
नागपुर में डॉक्टरों के प्रदर्शन के बाद भी ऑक्सीजन व इंजेक्शन की कमी बरकरार
उधर, नागपुर में सरकारी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल के डॉक्टरों ने ऑक्सीजन की कमी और रेममेसिविर इंजेक्श्न की किल्लत को लेकर 11 अप्रैल को प्रदर्शन किया, लेकिन अब तक समस्या का कोई हल नहीं निकला है। एक रेजिडेंट डॉक्टर ने बताया कि जिला प्रशासन से चर्चा के बाद भी अब तक समस्या हल नहीं हुई है।
Nagpur: Resident doctors of Govt Medical College & Hospital held a protest on Apr 11 against Dist administration alleging shortage of oxygen beds, Remdesivir injections
— ANI (@ANI) April 15, 2021
"Haven't received any help so far even after a meeting with the Dist administration," says a resident doctor pic.twitter.com/3EU3VF2tFO