तीन तलाकः ओवैसी बोले- ये मुस्लिमों को काबू करने और जेल भेजने की साजिश
तीन तलाक पर संसद में चल रही बहस के दौरान हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने बिल को लेकर सरकार पर जमकर निशाना साधा। ओवैसी ने कहा कि बिल के सहारे मुस्लिमों को जेल भेजने की साजिश की जा रही है, ओवैसी यहीं नहीं रुके बोले- सरकार इस बिल की बदौलत मुस्लिमों को अपने नियंत्रण में करना चाहती है।
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ओवैसी ने बिल पेश करने वाले कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद पर भी निशाना साधा, कहा- बिल को लेकर आपकी मंशा ही सही नहीं है, इसीलिए आपने इसमें एकतरफा प्रावधान किए हैं। ओवैसी ने सवाल पूछा कि 'अगर एक व्यक्ति अब भी अपनी पत्नी को एकसाथ तीन तलाक देता है और कोर्ट में जाकर वह आपकी तरह का कोई महंगा वकील करके सेक्शन 84 के तहत अपना पक्ष रख देता है, तब आप क्या करेंगे।'
आपने जानबूझकर इस बिल में सेक्शन 84 का प्रावधान ही नहीं किया है। यह बिल सिर्फ मुस्लिमों को अपने नियंत्रण में और ज्यादा संख्या में जेल भेजने की साजिश है। ओवैसी ने साफ कहा- इस बिल से मुस्लिम महिलाओं को कोई फायदा होने वाला नहीं है, अगर तीन तलाक देने पर उनके घर में कमाने वाला पति जेल चला जाता है तो फिर उनका भरन पोषण कैसे होगा, इसकी चिंता आपने नहीं की। ओवैसी ने इस बिल को संविधान के नियमों के खिलाफ और मुस्लिमों का मनोबल गिराने वाला बताया।
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ओवैसी ने एक किस्सा सुनाते हुए कहा कि बचपन में मैने एक कहानी सुनी थी, जिसमें एक तालाब में मछलियां आराम से तैर कर रही थी और अपने जीवन का आनंद ले रही थीं, इसी दौरान एक बंदर आया और मछलियों को निकालकर बाहर रखने लगा। किसी ने बंदर से पूछा तुम क्या कर रहे हो तो बंदर बोला मैं उन्हें डूबने से बचा रहा हूं।"