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ममता के बाद भाजपा के स्वामी ने की आधार की खिलाफत, बोले- राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए है खतरा

Tue, 31 Oct 2017 01:51 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Tue, 31 Oct 2017 01:51 PM IST
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subramanian swamy says, Aadhar is a threat to our national security

डिजिटलाइजेशन की मुहिम में जुटी केंद्र सरकार आधार को देशभर में अनिवार्य करने की कोशिश में लगी है वहीं इसका विरोध भी हो रहा है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पहले ही आधार को मोबाइल नंबर से लिंक कराने को लेकर अपना विरोध जता चुकी हैं।

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अब बीजेपी के वरिष्ठ नेता सुब्रमण्यम स्वामी की आधार की अनिवार्यता की खिलाफत में उतर आए हैं। आधार की अनिवार्यता का मामला सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है। सुब्रमण्यम स्वामी ने इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि मैं आधार के मामले को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खत लिखूंगा कि आखिर कैसे ये जरूरी है? 
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पढ़ें: आधार कार्ड मामला: ममता से सुप्रीम कोर्ट ने कहा- दिक्कत है तो निजी स्तर पर दाखिल करें याचिका
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सुब्रमण्यम स्वामी ने आधार पर तीखी टिप्पणी करते हुए इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा तक बता डाला। स्वामी ने ये भी कहा कि मुझे उम्मीद है कि सुप्रीम कोर्ट आधार की अनिवार्यता के मामले को खारिज कर देगी।

आधार से लिंक नहीं कराउंगी अपना मोबाइल नंबर: ममता

subramanian swamy says, Aadhar is a threat to our national security

इससे पहले आधार की अनिवार्यता को लेकर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कड़ा विरोध जाहिर किया था।  ममता ने ट्वीट कर केंद्र के इस फैसले पर निशाना साधते हुए लिखा था 'मैं आधार कार्ड को अपने फोन नंबर से लिंक नहीं करवाउंगी चाहे मेरा नंबर बंद हो जाए'।

ममता का विरोध सिर्फ शब्दों तक ही सीमित नहीं रहा बल्कि उन्होंने आधार से मोबाइल नंबर्स को जोड़ने के केंद्र के फैसले के खिलाफ पश्चिम बंगाल सरकार की तरफ से याचिका तक दाखिल कर दी। इस याचिका पर सोमवार (30 अक्तूबर) को सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई भी की। इस मामले पर कोर्ट ने केंद्र को नोटिस भेजकर चार हफ्ते के भीतर जवाब मांगा है।

शीर्ष अदालतन ने सुनवाई के दौरान कहा कि कैसे कोई राज्य केंद्र के फैसले के खिलाफ याचिका दाखिल कर सकता है? कोर्ट ने राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से कहा कि अगर आपको दिक्कत है तो वह आम नागरिक की तरह निजी स्तर पर याचिका दाखिल कर सकती हैं। सूत्र बताते हैं कि अब राज्य सरकार याचिका को संसोधित करने की तैयारी कर रही है, क्योंकि याचिका में ममता बनर्जी का नाम नहीं है।

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