पाकिस्तान की शैतानी हरकतों से सीमा पर तनाव लेकिन युद्ध के संकेत नहीं
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भारत और पाकिस्तान की ओर से एक निश्चित कैलीवर से उपर के हथियार और असलहे का इस्तेमाल नहीं किया जा रहा है। हालात पर नजर बनाए गृहमंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा मंत्री मनोहर परिकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार और सेना प्रमुख जनरल दलबीर सिंह आपस में लगातार संपर्क में हैं।
सुरक्षा एजेंसी ने उच्चपदस्थ सूत्र ने बताया कि पाकिस्तान ने अबतक अधिकतम 120 मिमि और 82 मिमि मोर्टार शेल का इस्तेमाल किया है। इसके अलावा दोनों ओर से स्वचलित मशीनगन और छोटे हथियार इस्तेमाल किए जा रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाकिस्तान की पोल खुलती
यह हथियार आमतौर पर सीजफायर उल्लंघन के दौरान चलते हैं। सूत्रों के मुताबिक इसके उपर के कैलिबर के मिसाईल या टैंकों के इस्तेमाल अगर कोई पक्ष करता है तो उसे युद्ध का संकेत माना जाता है।
सूत्रों ने बताया कि शुक्रवार को पाक सेना के कवरिंग फायर में आतंकवादियों का पीओके में घुसना दरअसल बार्डर एक्शन टीम (बैट) की कार्रवाई थी। भारत की चौकसी को देखते हुए पाकिस्तानी सेना ने इसमें आतंकवादियों का इस्तेमाल किया।
अगर पाक सेना के जवान भारतीय सीमा में पकड़े या मारे जाते तो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाकिस्तान की पोल खुलती। सूत्रों ने कहा कि सेना की ओर से जवाबी कार्रवाई की चेतावनी का असर जल्द देखने को मिलेगा।