{"_id":"63a1b00e32a20d17c672e08b","slug":"puducherry-lakshadweep-and-goa-best-performers-in-social-progress-index-and-jharkhand-bihar-worst","type":"story","status":"publish","title_hn":"Social Progress Index: इस मामले में पुडुचेरी-लक्षद्वीप और गोवा शीर्ष पर, झारखंड और बिहार के हालात बेहद खराब","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Social Progress Index: इस मामले में पुडुचेरी-लक्षद्वीप और गोवा शीर्ष पर, झारखंड और बिहार के हालात बेहद खराब
Tue, 20 Dec 2022 06:22 PM IST
शिव शरण शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Tue, 20 Dec 2022 06:22 PM IST
सार
ईएसी-पीएम के अध्यक्ष बिबेक देबरॉय ने 'सोशल प्रोग्रेस इंडेक्स: स्टेट्स एंड डिस्ट्रिक्ट्स ऑफ इंडिया' शीर्षक वाली रिपोर्ट जारी की है। इसमें उन्होंने भारत के राज्यों की सामाजिक प्रगति के बारे में बताया है। रिपोर्ट के मुताबिक, आइजोल (मिजोरम), सोलन (हिमाचल प्रदेश) और शिमला (हिमाचल प्रदेश) सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले टॉप 3 जिलों के रूप में सामने आए हैं।
विज्ञापन
गरीबी और संघर्ष
विस्तार
प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद ईएसी-पीएम के अध्यक्ष बिबेक देबरॉय ने सामाजिक प्रगति सूचकांक (एसपीआई) से संबंधित एक रिपोर्ट जारी की है। सामाजिक प्रगति सूचकांक (एसपीआई) में पुडुचेरी, लक्षद्वीप और गोवा सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों के रूप में उभरे हैं। वहीं, झारखंड और बिहार का हाल पूरे देश में सबसे खस्ताहाल है।
विज्ञापन
जानकारी के मुताबिक, ईएसी-पीएम के अध्यक्ष बिबेक देबरॉय ने 'सोशल प्रोग्रेस इंडेक्स: स्टेट्स एंड डिस्ट्रिक्ट्स ऑफ इंडिया' शीर्षक वाली रिपोर्ट जारी की है। इसमें उन्होंने भारत के राज्यों की सामाजिक प्रगति के बारे में बताया है। रिपोर्ट के मुताबिक, आइजोल (मिजोरम), सोलन (हिमाचल प्रदेश) और शिमला (हिमाचल प्रदेश) सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले टॉप 3 जिलों के रूप में सामने आए हैं। मंगलवार को जारी हुई यह रिपोर्ट प्रतिस्पर्धा संस्थान और अमेरिका के गैर-लाभकारी संगठन 'सोशल प्रोग्रेस इम्पेरेटिव' ने तैयार की है। इसके लिए एसपीआई को आधार बनाया गया है जो देश में राष्ट्रीय और उप-राष्ट्रीय स्तर पर देश की सामाजिक प्रगति को मापने का पैमाना है।
विज्ञापन
रिपोर्ट के अनुसार, एसपीआई आंकड़ों में पुडुचेरी का देश में प्रदर्शन सर्वश्रेष्ठ रहा। पुडुचेरी का स्कोर 65.99 है। इसके बाद क्रमश: लक्षद्वीप और गोवा क्रमश: 65.89 और 65.53 है। वहीं, झारखंड और बिहार ने सबसे कम स्कोर 43.95 और 44.47 हासिल किया है।
विज्ञापन
रिपोर्ट के मुताबिक, लंबे समय तक सतत आर्थिक वृद्धि के लिए सामाजिक प्रगति जरूरी है। यह सूचकांक आर्थिक वृद्धि और विकास के परंपरागत उपायों का पूरक है। एसपीआई के लिए सामाजिक प्रगति के तीन क्षेत्रों - बुनियादी मानवीय जरूरतों, बेहतर जीवनशैली के आधार और अवसरों के लिहाज से राज्यों के प्रदर्शन को आंका जाता है। मानवीय जरूरतों के मामले में किसी राज्य या जिले में पोषण और स्वास्थ्य देखभाल, जल और स्वच्छता, व्यक्तिगत सुरक्षा और रहने की स्थिति का आकलन किया जाता है।
इस रिपोर्ट में 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के साथ ही भारत के 707 जिलों को शामिल किया गया है। इन राज्यों और जिलों में शिक्षा, स्वास्थ्य देखभाल, पानी और स्वच्छता तक पहुंच, व्यक्तिगत स्वतंत्रता और पसंद का प्रयोग करने, आश्रय सुनिश्चित करने, व्यक्तिगत सुरक्षा और गुणवत्तापूर्ण वातावरण सुनिश्चित करने के मामले में विभिन्न सामाजिक प्रगति संकेतकों में उनके प्रदर्शन के आधार पर रैंक दी गई है।
रिपोर्ट के अनुसार, बुनियादी मानवीय जरूरतों के मामले में गोवा, पुडुचेरी, लक्षद्वीप और चंडीगढ़ अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की तुलना में पानी और स्वच्छता और आश्रय में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन वाले शीर्ष चार राज्य हैं। वहीं, आश्रय और व्यक्तिगत सुरक्षा के मामले में चंडीगढ़ और नागालैंड का प्रदर्शन सबसे बेहतर है।