PM Modi Visit Gujarat Live: पीएम मोदी ने लिया तूफान से नुकसान का जायजा, राहत कार्यों के लिए गुजरात को 1000 करोड़ की मदद
गुजरात में चक्रवाती ताउते तूफान के बाद हुए नुकसान और तबाही के बाद आज प्रधानमंत्री मोदी भावनगर पहुंचे। यहां उन्होंने गुजरात में हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए हवाई सर्वेक्षण किया। इसके बाद पीएम ने मुख्यमंत्री विजय रूपाणी और राज्य के अन्य अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक भी की।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात में चक्रवात ताउते से हुए नुकसान का जायजा ले रहे हैं। आज सुबह पीएम मोदी भावनगर पहुंचे, जहां मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने उनका स्वागत किया। प्रधानमंत्री मोदी गुजरात और दीव के चक्रवात से प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया। सर्वेक्षण के बाद प्रधानमंत्री ने ताउते चक्रवात की वजह से हुए नुकसान और स्थिति के आकलन के लिए अहमदाबाद में एक समीक्षा बैठक की। इस दौरान मुख्यमंत्री समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात में तत्काल राहत गतिविधियों के लिए एक हजार करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता का एलान किया है। प्रधानमंत्री कार्यालय ने (पीएमओ) बताया कि राज्य में नुकसान के आकलन के लिए केंद्र सरकार एक अंतर-मत्रीय दल को यहां तैनात करेगी। इसके अलावा पूरे देश में तूफान ताउते के चलते जान गंवाने वाले लोगों के उत्तराधिकारी को दो लाख रुपये का मुआवजा और घायलों को 50 हजार रुपये का मुआवजा दिया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि गुजरात में चक्रवाती तूफान के कारण तटीय इलाकों में भारी नुकसान हुआ, बिजली के खंभे तथा पेड़ उखड़ गए तथा कई घरों व सड़कों को भी नुकसान पहुंचा। इस दौरान हुई घटनाओं में करीब 13 लोगों की मौत भी हुई है।
Prime Minister Narendra Modi conducts an aerial survey of the #CycloneTauktae affected areas of Gujarat and Diu
The PM is conducting an aerial survey of areas such as Una, Diu, Jafarabad, and Mahuva today. He will also hold a review meeting in Ahmedabad later. pic.twitter.com/fJMJFDZJsf — ANI (@ANI) May 19, 2021
चक्रवाती तूफान के कारण 200 से अधिक तालुकाओं में बारिश हुई। एहतियाती तौर पर राज्य सरकार ने पहले ही दो लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया था। मौसम विभाग ने कहा कि ताउते गुजरात के तट से “बेहद गंभीर चक्रवाती तूफान” के तौर पर आधी रात के करीब गुजरा और धीरे-धीरे कमजोर होकर “गंभीर चक्रवाती तूफान” और बाद में और कमजोर होकर अब “चक्रवाती तूफान” में बदल गया है।
रुपाणी ने मंगलवार को कहा था कि 16000 से ज्यादा घरों को नुकसान पहुंचा, 40 हजार से ज्यादा पेड़ और 70 हजार से ज्यादा बिजली के खंभे उखड़ गए जबकि 5951 गांवों में बिजली चली गई। यह राज्य में आया, अब तक का सबसे भयावह चक्रवात बताया जा रहा है।