फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   President Ram Nath Kovind rejects jagat rai mercy petition

राष्ट्रपति कोविंद ने अपने कार्यकाल की पहली दया याचिका की खारिज, ये था मामला 

Wed, 30 May 2018 04:04 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 30 May 2018 04:04 PM IST
विज्ञापन
 President Ram Nath Kovind rejects jagat rai mercy petition
- फोटो : AP

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने अपने कार्यकाल की पहली दया याचिका को खारिज कर दिया है। यह याचिका 6 लोगों की हत्या के दोषी जगत राय ने दायर की थी। हत्या के मामले में उसे फांसी की सजा सुनाई जा चुकी है। राय ने फांसी की सजा को आजीवन कारावास में बदलने की दरख्वास्त की थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट पांच साल पहले ही खारिज कर चुकी है।

विज्ञापन


इसके बाद जगत राय ने राष्ट्रपति भवन का दरवाजा खटखटाया था, लेकिन वहां से भी उसे राहत नहीं मिली है। राय की अर्जी पर राष्ट्रपति सचिवालय ने करीब दस महीने तक विचार किया था।
विज्ञापन


गौरतलब है कि जगत राय पर विजेंद्र महतो नाम के एक व्यक्ति ने भैंस चोरी करने का आरोप लगाया था। घटना सन 2006 में बिहार के वैशाली जिले में हुई थी। इसके बाद विवाद इतना बढ़ा कि जगत राय ने महतो के घर में आग लगा दी, जिससे महतो की पत्नी और पांच बच्चे जलकर मौत के मुंह में समा गए थे। अदालत ने इस मामले को बेहद संगीन मानते हुए राय को सजा-ए-मौत सुनाई थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

ये था पूरा मामला

भैंस चुराने के आरोप से शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि एक ही परिवार के छह लोगों की हत्या कर दी गई। जगत राय पर विजेंद्र महतो ने भैंस चुराने का आरोप लगाया था। यही नहीं उसने जगत के खिलाफ पुलिस केस वापस लेने से इनकार कर दिया था। इसके बाद विवाद इतना बढ़ गया कि जगत राय ने वैशाली जिले के रामपुर श्यामचंद गांव में रहने वाले मेहतो के घर में आग लगा दी। उस वक्त मेहतो का पूरा परिवार सो रहा था।

हमले में विजेंद्र महतो की पत्नी और उसके पांच बच्चे जलकर मर गए थे। यह घटना 1 जनवरी 2006 की है। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सितंबर 2013 में सुप्रीम कोर्ट ने उसकी फांसी की सजा को बरकरार रखा था। कोर्ट इसे रेयरेस्ट ऑफ रेयर केस मानते हुए फांसी की सजा को खत्म करने से इनकार कर दिया था। इसके बाद यह मामला दया याचिका के लिए राष्ट्रपति के पास भेजा गया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed