{"_id":"59478bfd4f1c1b0c298b46cd","slug":"president-election-of-india-know-about-all-candidates","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"जानिए, कैसे हुआ देश के राष्ट्रपतियों का चुनाव, हर बार कैसे बने जीत के समीकरण","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
जानिए, कैसे हुआ देश के राष्ट्रपतियों का चुनाव, हर बार कैसे बने जीत के समीकरण
Fri, 23 Jun 2017 11:09 AM IST
amarujala.com- Written by : हरेन्द्र सिंह मोरल
amarujala.com- Written by : हरेन्द्र सिंह मोरल
Updated Fri, 23 Jun 2017 11:09 AM IST
विज्ञापन
1 of 14
- फोटो : SELF
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
देश में राष्ट्रपति चुनावों का बिगुल बज चुका है और अगली 20 जुलाई को देश को अपना नया राष्ट्रपति भी मिल जाएगा, भाजपा नेतृत्व वाले राजग ने रामनाथ कोविंद के रूप में अपने उम्मीदवार की घोषणा कर दी है। वहीं विपक्ष ने इस मुद्दे पर अभी अपने पत्ते नहीं खोले हैं। कई अन्य दलों ने भी राजग के फैसले को लेकर नाक भौं सिकोड़नी शुरू कर दी है। ऐसे में संभावना है कि इस पद पर शायद ही आम सहमति की स्थिति बन जाए। हालांकि ये पहला मामला नहीं है राष्ट्रपति चुनावों की शुरूआत से ही सत्ता पक्ष और विपक्ष में खींचतान की राजनीति चलती रही है। यहां तक की पहला चुनाव भी इससे नहीं बच सका था। आइए आपको बताते हैं आज तक हुए राष्ट्रपति के चुनावों के बारे में।
राजेन्द्र प्रसाद
2 of 14
देश के पहले राष्ट्रपति राजेन्द्र प्रसाद का चुनाव 1952 को हुआ था। स्वतंत्रता सेनानी रहे राजेन्द्र प्रसाद हालांकि इससे पहले ही 26 जनवरी 1950 को देश के पहले राष्ट्रपति नियुक्त कर दिए गए थे। वो सबसे लंबे समय तक यानि 12 साल तक देश के राष्ट्रपति रहे। पहले चुनाव में राजेन्द्र प्रसाद को लेकर प्रधानमंत्री नेहरू और गृहमंत्री सरदार पटेल में ठन गई थी। हालांकि बाद में मामला सर्वसम्मति से ही निपट गया।
सर्वापल्ली राधाकृष्णन
3 of 14
आंध्रा यूनिवर्सिटी और बीएचयू के कुलपति रहे सर्वापल्ली राधाकृष्णन 13 मई 1962 को देश के दूसरे राष्ट्रपति बने। राधाकृष्णन इस पद पर चुने जाने से पहले दस साल तक देश के उपराष्ट्रपति रहे थे। राधाकृष्णन ने इस पद पर सबसे ज्यादा लगभग साढ़े पांच लाख मतों से जीत दर्ज की। उनके विरोधी हरी राम को मात्र 6341 वोट ही मिल सके थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
जाकिर हुसैन
4 of 14
देश के तीसरे राष्ट्रपति रहे जाकिर हुसैन भी उपराष्ट्रपति से इस पद तक पहुंचे थे। अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के कुलपति रहे जाकिर हुसैन 13 मई 1967 से 3 मई 1969 तक इस पद पर रहे। वह सबसे कम समय तक पद पर रहने वाले राष्ट्रपति बने उनकी मृत्यु कार्यकाल के दौरान ही हो गई थी। हुसैन ने इस चुनाव में पूर्व मुख्य न्यायाधीश कोका सुब्बाराव को हराया था।
विज्ञापन
वीवी गिरि
5 of 14
जाकिर हुसैन की असमय मौत के बाद इस पद को लेकर खूब खींचतान हुई। पहले उपराष्ट्रपति वीवी गिरि को कार्यवाहक राष्ट्रपति बनाया गया लेकिन इसी बीच यह भनक लगती देख कि उन्हें पूर्णकालिक राष्ट्रपति का पद नहीं दिया जाएगा गिरिअपने पद से इस्तीफा देकर निर्दलीय चुनावी मैदान में उतर गए। 24 अगस्त 1969 को वह देश के चौथे राष्ट्रपति चुने गए। इस पद पर आने से पहले गिरी श्रीलंका में भारत के उच्चायुक्त और केंद्र सरकार में मंत्री भी रह चुके थे।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।