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पाकिस्तान 1971 की हार के दर्द से उबर नहीं पाया है: बीएसएफ

Wed, 04 Apr 2018 02:50 AM IST
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली Updated Wed, 04 Apr 2018 02:50 AM IST
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Pakistan still not recovered from the pain of 1971 defeat says bsf
बीएसएफ चीफ केके शर्मा

सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के प्रमुख केके शर्मा ने कहा है कि पाकिस्तान 1971 की लड़ाई में भारत से मिली हार के दर्द से अब तक उबर नहीं सका है। उन्होंने कहा कि बीएसएफ सीमा पर घुसपैठ और बगैर उकसावे के की जानेवाली फायरिंग से ‘रक्षात्मक और आक्रामक’ दोनों तरीके से निपटने के लिए तैयार हैं।

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बीएसएफ के महानिदेशक केके शर्मा ने कहा कि जम्मू सेक्टर में भारत- पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पर ‘दोगुना से ज्यादा’ नुकसान करने के बाद भी ऐसी घटनाएं कम नहीं हुई हैं जिसमें आम लोगों, सैनिकों की जान चली जाती है और संपत्ति का नुकसान होता है। 
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शर्मा ने कहा, ‘मैं नहीं कह सकता कि (सीमा पार से) कब और कैसे बगैर उकसावे की फायरिंग और संघर्ष विराम उल्लंघन होंगे, लेकिन हम किसी भी स्थिति का सामना करने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा, ‘यदि बड़ा हमला होता है तो हम अच्छी तरह तैयार हैं और हम रक्षात्मक व आक्रामक दोनों तरीके से तैयार हैं।’ 
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बीएसएफ प्रमुख ने कहा, ‘मैं एक चीज साफ करना चाहूंगा कि हम कभी ऐसे उल्लंघन की शुरुआत नहीं करते और दूसरी तरफ से इसकी शुरुआत होती है जिसके कारण हमें पलटवार करना होता है।’


खालिस्तान के बाद कश्मीर पर भी नाकाम होंगे 
शर्मा ने कहा, ‘वे (पाकिस्तान) 1971, जिसकी वजह से बांग्लादेश बना, की हार के दर्द से अब तक उबर नहीं पाए हैं और आईएसआई (पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी) के गठन का एकमात्र उद्देश्य भारत को बांटना था।’ शर्मा ने कहा, ‘उनकी पहली कोशिश खालिस्तान थी और वे नाकाम हुए। अब वे कश्मीर में कोशिश कर रहे हैं और वे नाकाम होंगे।’

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