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Mizoram: विपक्षी MNF ने ZPM और HPC को दी शिकस्त, सिनलुंग हिल्स काउंसिल चुनाव जीता
Wed, 06 Nov 2024 10:26 AM IST
काव्या मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आइजोल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आइजोल
Published by: काव्या मिश्रा
Updated Wed, 06 Nov 2024 10:26 AM IST
सार
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा मंगलवार रात घोषित परिणामों के मुताबिक, एमएनएफ-एचपीसी (आर) गठबंधन ने सात सीटों के साथ बहुमत हासिल किया।
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सिनलुंग हिल्स काउंसिल चुनाव
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मिजोरम में 12 सदस्यीय सिनलुंग हिल्स काउंसिल (एसएचसी) चुनाव का परिणाम सामने आ गया है। यहां सत्तारूढ़ जोरम पीपुल्स मूवमेंट (जेडपीएम) और हमार पीपुल्स कन्वेंशन (एचपीसी) गठबंधन को शिकस्त देते हुए मुख्य विपक्षी दल मिजो नेशनल फ्रंट (एमएनएफ) और हमार पीपुल्स कन्वेंशन (रिफॉर्म्ड) ने एसएचसी चुनाव में जीत दर्ज की है।
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राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा मंगलवार रात घोषित परिणामों के मुताबिक, एमएनएफ-एचपीसी (आर) गठबंधन ने सात सीटों के साथ बहुमत हासिल किया। वहीं जेडपीएम ने आठ सीटों पर चुनाव लड़ा था, जिसमें से तीन पर जीत हासिल की।
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किसके खाते में कितनी सीट?
एचपीसी ने जिन चार सीट पर चुनाव लड़ा था, उनमें से वह एक भी सीट नहीं जीत पाई। कांग्रेस ने 12 सीट पर चुनाव लड़ा था, जिनमें से एक सीट पर उसे जीत मिली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने एक सीट पर चुनाव लड़ा था, लेकिन वह एक भी सीट जीत नहीं पाई। अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि एक सीट का परिणाम आना बाकी है।
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मात्र एक महिला उम्मीदवार थी
जेडपीएम के निवर्तमान मुख्य कार्यकारी सदस्य (सीईएम) लालवेनहिमा हमार ने अपनी सुआंगपुइलॉन सीट बरकरार रखी, जबकि अध्यक्ष एचसी लालमालसॉम जोहमुन निर्वाचन क्षेत्र से एमएनएफ उम्मीदवार बेंजामिन लालरावनलियाना से हार गए। चुनाव में एक महिला सहित कुल 49 उम्मीदवार मैदान में थे।
कब बनी एसएचसी?
एसएचसी की स्थापना नौ जुलाई, 2018 को मिजोरम सरकार और तत्कालीन भूमिगत हमार पीपुल्स कन्वेंशन (डेमोक्रेटिक) के बीच उस वर्ष दो अप्रैल को हुए शांति समझौते के बाद की गई थी। परिषद में 12 निर्वाचित सदस्य और दो मनोनीत सदस्य हैं।