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जल नीति बनाने वाला पहला राज्य बना मेघालय
Sat, 13 Jul 2019 03:47 PM IST
अमर शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिलॉन्ग
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिलॉन्ग
Published by: अमर शर्मा
Updated Sat, 13 Jul 2019 03:47 PM IST
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प्रिस्टोन तिनसॉन्ग
- फोटो : ANI
मेघालय देश का पहला राज्य बन गया है जहां जल नीति बनाई गई है। देशभर में पानी की कमी के मद्देनजर इसे एक महत्वपूर्ण और सार्थक कदम माना जा रहा है।
मेघालय के उपमुख्यमंत्री प्रिस्टोन तिनसॉन्ग कहते हैं, "इस नीति का उद्देश्य सामुदायिक भागीदारी के साथ सतत विकास और जल संसाधनों का उपयोग करना है। जलग्रहण क्षेत्रों के संरक्षण और नदी प्रदूषण जैसे मुद्दों को भी इसमें रेखांकित किया गया है।"
जल संरक्षण के महत्व की चर्चा प्रधानमंत्री भी कर चुके हैं। पंचायत प्रमुखों के नाम लिखे पत्र में उन्होंने बारिश के पानी को संग्रित करने पर लोगों को जागरूक करने पर जोर दिया है।
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मेघालय के उपमुख्यमंत्री प्रिस्टोन तिनसॉन्ग कहते हैं, "इस नीति का उद्देश्य सामुदायिक भागीदारी के साथ सतत विकास और जल संसाधनों का उपयोग करना है। जलग्रहण क्षेत्रों के संरक्षण और नदी प्रदूषण जैसे मुद्दों को भी इसमें रेखांकित किया गया है।"
Meghalaya becomes first state to have a water policy. Prestone Tynsong, Dy CM says,'Policy intends to achieve sustainable development&use of water resources with community participation. Issues such as protection of catchment areas&river pollution have also been outlined in it.' pic.twitter.com/RfFptGhvZb
— ANI (@ANI) July 13, 2019विज्ञापन
जल संरक्षण के महत्व की चर्चा प्रधानमंत्री भी कर चुके हैं। पंचायत प्रमुखों के नाम लिखे पत्र में उन्होंने बारिश के पानी को संग्रित करने पर लोगों को जागरूक करने पर जोर दिया है।
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