{"_id":"62d86708e392ce01991cdecc","slug":"mamata-banerjee-decide-today-on-support-in-vice-presidential-election-after-meeting-of-mps","type":"story","status":"publish","title_hn":"Vice President Election: उपराष्ट्रपति चुनाव में समर्थन पर ममता आज कर सकती हैं फैसला, सांसदों की बुलाई बैठक","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Vice President Election: उपराष्ट्रपति चुनाव में समर्थन पर ममता आज कर सकती हैं फैसला, सांसदों की बुलाई बैठक
Thu, 21 Jul 2022 02:05 AM IST
देव कश्यप
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता।
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता।
Published by: देव कश्यप
Updated Thu, 21 Jul 2022 02:05 AM IST
सार
तृणमूल सुप्रीमो ने 21 जुलाई को पार्टी की शहीद दिवस रैली के बाद शाम को अपने लोकसभा और राज्यसभा के सांसदों की बैठक बुलाई है। सबकी नजरें इस बैठक पर टिकी हैं।
विज्ञापन
पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी।
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उपराष्ट्रपति चुनाव में तृणमूल कांग्रेस का समर्थन किसे मिलेगा, इसे लेकर अभी तक पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी ने पत्ते खोले नहीं खोले हैं। माना जा रहा है कि ममता बनर्जी गुरुवार को अटकलों को विराम दे सकती हैं।
विज्ञापन
टीएमसी सुप्रीमो ने बुलाई सांसदों की बैठक
तृणमूल सुप्रीमो ने 21 जुलाई को पार्टी की शहीद दिवस रैली के बाद शाम को अपने लोकसभा और राज्यसभा के सांसदों की बैठक बुलाई है। सबकी नजरें इस बैठक पर टिकी हैं। बैठक मुख्यमंत्री के कालीघाट आवास पर बुलाई गई है। यहीं पर पार्टी सांसदों के साथ विचार-विमर्श के बाद ममता कोई फैसला ले सकती हैं।
विज्ञापन
मार्गरेट अल्वा के नामांकन से दूर रही टीएमसी
उल्लेखनीय है कि सोमवार को उपराराष्ट्रपति पद के लिए मार्गरेट अल्वा ने विपक्ष के साझा उम्मीदवार के रूप में नामांकन दाखिल किया, लेकिन तृणमूल कांग्रेस का कोई भी प्रतिनिधि इसमें शामिल नहीं हुआ। अल्वा के नामांकन के समय एनसीपी प्रमुख शरद पवार, कांग्रेस नेता राहुल गांधी, माकपा महासचिव सीताराम येचुरी समेत विपक्षी दलों के कई नेता मौजूद रहे, लेकिन तृणमूल ने नामांकन से अपने को दूर ही रखा।
विज्ञापन
इससे पहले रविवार को उपराष्ट्रपति के उम्मीदवार के चयन के लिए विपक्षी दलों की जो बैठक शरद पवार की अगुवाई में बुलाई गई थी, उसमें भी तृणमूल का कोई नेता उपस्थित नहीं हुआ था। चूंकि इस समय संसद का मानसून सत्र चल रहा है, तृणमूल के अधिकतर सांसद दिल्ली में ही मौजूद हैं।