Kerala :मलप्पुरम नाव हादसे में 22 की जान गई, बचाए गए लोगों को देखने पहुंचे सीएम विजयन; खोज अभियान जारी
मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने एक बयान जारी कर लोगों की मौत पर शोक व्यक्त किया और मलप्पुरम जिला कलेक्टर को समन्वित आपातकालीन बचाव अभियान चलाने का निर्देश दिया।
विस्तार
केरल के मलप्पुरम जिले के तनूर इलाके में थूवलथीरम समुद्र तट के पास रविवार शाम एक हाउसबोट पलट गई। इस हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर 22 हो गई है। बताया जा रहा है कि नाव में 40 लोग सवार थे। हालांकि, राज्य के राजस्व मंत्री के. राजन ने नाव में सवारों के सही आंकड़े होने से साफ इनकार कर दिया। इसके बाद राज्य के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन भी इस घटना के पीड़ितों से मिलने पहुंचे। उन्होंने यहां तालुक अस्पातल में मृतकों के परिजनों और घायलों से मुलाकात की।
दूसरी तरफ एनडीआरएफ के नेतृत्व में रेस्क्यू ऑपरेशन अभी जारी है। स्कूबा डायविंग टीम को भी बुलाया गया है। साथ ही नौसेना की टीम और कोस्ट गार्ड की टीम भी पहुंची हैं। क्षेत्रीय अग्निशमन अधिकारी शिजू केके ने बताया कि अब तक हमने 22 लाशें बरामद की हैं। हमें नाव पर सवार लोगों की सही संख्या का पता नहीं है, इसलिए हम यह पता लगाने के लिए खोज जारी रखे हुए हैं कि क्या और भी पीड़ित कीचड़ में फंसे हैं या नहीं।
#WATCH | Malappuram boat accident: Indian Navy's Chetak helicopter called in to assist in the search and rescue operation.#KeralaBoatTragedy pic.twitter.com/42s8b7hPsO
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) May 8, 2023
स्वास्थ्य मंत्री ने बुलाई आपात बैठक
राज्य सरकार ने एक बयान में कहा कि दुर्घटना के बाद स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने स्थिति का आकलन करने के लिए आपात बैठक बुलाई। बयान में कहा गया है कि जॉर्ज ने निर्देश दिया कि घायलों के लिए विशेषज्ञ उपचार सुनिश्चित किया जाए और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया तेज की जाए ताकि शवों को जल्द से जल्द परिजनों को सौंपा जा सके। इसमें कहा गया है कि त्रिशूर और कोझीकोड जैसे जिलों से डॉक्टरों सहित पर्याप्त कर्मचारियों को बुलाकर तिरूर, थिरुरंगडी, पेरिंथलमन्ना अस्पतालों और मनचेरी मेडिकल कॉलेज में पोस्टमॉर्टम किया जाए।
केरल में सोमवार को आधिकारिक शोक का दिन घोषित किया गया है और पीड़ितों के सम्मान में सभी सरकारी कार्यक्रम स्थगित कर दिए गए हैं।
राष्ट्रपति ने शोक व्यक्त किया
मलप्पुरम नाव हादसे पर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शोक व्यक्त किया। राष्ट्रपति ने एक ट्वीट में कहा, केरल के मलप्पुरम में नाव दुर्घटना में लोगों की मौत बेहद चौंकाने वाली और दुखद है। अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदना। मैं जीवित बचे लोगों की सलामती के लिए प्रार्थना करती हूं।"
उपराष्ट्रपति ने जताया शोक
मलप्पुरम नाव दुर्घटना पर उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने भी शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा, "नाव पलटने की घटना में लोगों की मौत से गहरा दुख हुआ, शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना; सभी के सुरक्षित बचाव और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।"
पीएम मोदी ने जताया दुख
घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया। उन्होंने एक ट्वीट में कहा कि केरल के मलप्पुरम में नाव दुर्घटना में लोगों की मौत से दुखी हूं। शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना। प्रत्येक मृतक के परिजनों को प्रधानमंत्री राहत कोष से दो-दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि प्रदान की जाएगी।
राहुल गांधी ने जताया शोक
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी हादसे में लोगों की मौत पर शोक जताया। उन्होंने एक ट्वीट में कहा, "केरल के मलप्पुरम में एक हाउसबोट के डूबने की खबर से व्यथित हूं। उन सभी के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं, जिन्होंने अपने प्रियजनों को खोया है। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।" उन्होंने कहा, "मैं कांग्रेस कार्यकर्ताओं से बचाव अभियान में अधिकारियों की मदद करने की अपील करता हूं।"
कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल ने जताया शोक
कांग्रेस सांसद और पार्टी महासचिव केसी वेणुगोपाल ने मलप्पुरम नाव दुर्घटना पर शोक व्यक्त करते हुए कहा, "यह बहुत ही चौंकाने वाली घटना है। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है। सरकार को युद्धस्तर पर कार्रवाई करनी चाहिए। मैंने पार्टी कार्यकर्ताओं से राहत गतिविधियों में शामिल होने का अनुरोध किया है।"
मरने वालों में ज्यादातर बच्चे
पर्यटन मंत्री पीए मोहम्मद रियास के साथ बचाव अभियान का कॉर्डिनेशन कर रहे केरल के खेल मंत्री वी अब्दुरहीमन ने बताया कि जिन अस्पतालों में नाव के अंदर फंसे लोगों को निकालकर भर्ती किया गया है उनसे मिली जानकारी के आधार पर 20 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। उन्होंने कहा कि मरने वालों में ज्यादातर महिलाएं और बच्चे हैं जो स्कूल की छुट्टियों के दौरान घूमने के लिए आए थे। घटना रविवार की शाम सात बजे मलप्पुरम के ओट्टूमपुरम के थूवलथीरम में हुई। अब्दुरहीमन ने कहा कि गंभीर हालत में चार लोगों को कोट्टाकल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्होंने कहा कि 20 शवों में से 15 की पहचान कर ली गई है। उन्होंने बताया कि नाव को तट पर लाया जा रहा है। नाव के अंदर से और शव मिलने की संभावना है।'
40-50 लोग सवार थे
घटना के बाद तैरकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचे एक युवक ने बताया कि हाउसबोट पर कम से कम 40-50 लोग सवार थे। खुद को शफीक बताने वाले शख्स ने बताया कि नाव डबल डेकर थी। उनके मुताबिक, दो दरवाजे थे लेकिन नाव पलटने के बाद अंदर के दरवाजे बंद हो गए।
हाउसबोट के नीचे और भी पीड़ित फंसे
एक अधिकारी ने बताया कि हाउसबोट के नीचे और भी पीड़ित फंसे हुए हैं और उन्हें बाहर लाया जा रहा है। नाव पलट गई थी। हादसे के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। पुलिस इसकी जांच करेगी।
मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने जताया दुख
केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने हादसे पर गहरा दुख जताया है। सीएम पिनाराई विजयन ने कहा, मलप्पुरम में तनूर नाव दुर्घटना में लोगों की दुखद मौत से गहरा दुख पहुंचा है। जिला प्रशासन को प्रभावी ढंग से बचाव कार्यों का समन्वय करने का निर्देश दिया है, जिसकी निगरानी कैबिनेट मंत्रियों द्वारा की जा रही है। शोक संतप्त परिवारों और दोस्तों के प्रति हार्दिक संवेदना।
राज्य सरकार ने एक बयान जारी कर मलप्पुरम जिला कलेक्टर को समन्वित आपातकालीन बचाव अभियान चलाने का निर्देश दिया। बयान में कहा गया है कि दमकल और पुलिस इकाइयां, राजस्व और स्वास्थ्य विभागों के अधिकारी और जिले के तनूर और तिरुर इलाकों के स्थानीय लोग बचाव अभियान में शामिल हैं। इसमें यह भी कहा गया है कि मंत्री अब्दुरहिमन और रियास बचाव अभियान का समन्वय कर रहे हैं। इसमें कहा गया है कि पानी से निकाले गए लोगों को पास के निजी और सरकारी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने बताया कि दुर्घटना के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल पाया है।
#WATCH | Kerala: Visuals from the spot where a tourist boat capsized near Tanur in Malappuram district leaving atleast 18 people dead. pic.twitter.com/292uW2LuCN
— ANI (@ANI) May 7, 2023
राज्य मानवाधिकार आयोग ने स्वत: संज्ञान लिया
राज्य मानवाधिकार आयोग (एसएचआरसी)ने स्वत: संज्ञान लेते हुए सोमवार को मामला दर्ज किया। आयोग के न्यायिक सदस्य के बैजूनाथ ने मल्लपुरम जिले के कलेक्टर और अलप्पुझा के मुख्य पोर्ट सर्वेयर को 10 दिनों के भीतर रिपोर्ट देने को कहा है। राज्य मानवाधिकार आयोग ने कहा कि मीडिया रिपोर्ट के आधार पर उसने मामले में स्वत: संज्ञान लिया है और इसपर 19 मई को सुनवाई करेगा। केरल सरकार ने सोमवार को पूरे मामले की न्यायिक जांच कराने की घोषणा की और हादसे में मारे गए लोगों के परिजनों को 10-10 लाख रुपये का मुआवजा देने का फैसला किया।