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गुजरात: वजीफा बढ़ाने की मांग कर रहे इंटर्न डॉक्टर, अनिश्चिकालीन धरने पर बैठे
Mon, 14 Dec 2020 05:53 PM IST
संजीव कुमार झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमदाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमदाबाद
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Mon, 14 Dec 2020 05:53 PM IST
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इंटर्न डॉक्टर प्रदर्शन करते हुए
- फोटो : social media
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गुजरात के एक दर्जन से अधिक अस्पतालों के इंटर्न डॉक्टरों ने वजीफा में वृद्धि और कोविड-19 ड्यूटी पर तैनाती के दौरान 1000 रुपये दैनिक भत्ते के रूप में देने की मांग को लेकर सोमवार से अनिश्चिकालीन विरोध प्रदर्शन की शुरुआत की।
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अपने हाथों में तख्तियां लिए हुए सैंकड़ों इंटर्न डॉक्टर अपने-अपने अस्पताल के बाहर धरना पर बैठे । उन्होंने सरकार से वर्तमान वजीफा राशि 12,800 रुपये से बढ़ाकर 20,000 रुपये करने तथा कोविड-वार्ड/विभाग में ड्यूटी के दौरान 1000 रुपये का दैनिक भत्ता देने की मांग की। धरना पर बैठे इंटर्न डॉक्टरों ने दावा किया कि वर्तमान में वजीफा के रूप में दी जा रही राशि अन्य राज्यों की तुलना में कम है।
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उनमें से एक ने कहा कि प्रदर्शनकारी इंटर्न डॉक्टर अप्रैल से अपने बकाये के भुगतान, उनकी सेवा से संबंधित बांड शर्तों में ढील भी चाहते हैं। उनका कहना था कि जबतक सरकार उनकी मांग लिखित रूप से स्वीकार नहीं कर लेती, तबतक वे कोविड-19, आपात और गैर आपात ड्यूटी नहीं करेंगे।
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धरना दे रहे इंटर्न डॉक्टरों में से एक ने दावा किया कि गुजरात में 14 मेडिकल कॉलेजों में 2000 इंटर्न इस प्रदर्शन से जुड़े हैं क्योंकि इस संबंध में मुख्यमंत्री विजय रूपाणी, उपमुख्यमंत्री नितिन पटेल एवं वरिष्ठ अधिकारियों को दिया गया प्रतिवेदन व्यर्थ गया है।
यहां बी जे मेडिकल कॉलेज के एक प्रदर्शनकारी इंटर्न ने कहा कि हमारी प्राथमिक मांग वजीफा राशि बढ़ाने की है क्योंकि यह कई अन्य राज्यों की तुलना में कम है। हम कोविड-19 महामारी के चलते अप्रैल से लगातार काम कर रहे हैं और हमारा आंदोलन उचित है।