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कठुआ मामले में तत्कालीन जम्मू-कश्मीर सरकार से जवाब तलब, गवाह को प्रताड़ित करने का मामला
भाषा, नई दिल्ली
Updated Tue, 21 Aug 2018 02:32 PM IST
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उच्चतम न्यायालय ने आज जम्मू-कश्मीर सरकार को कठुआ मामले के अहम गवाह को हिरासत में प्रताड़ित करने का आरोप लगाने वाली याचिका पर 27 अगस्त तक जवाब दायर करने का निर्देश दिया।प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा, न्यायामूर्ति ए म खानविलकर और न्यायामूर्ति डी वाय चंद्रचूड़ की पीठ ने मामले पर अगली सुनवाई के लिए 29 अगस्त की तारीख मुकर्रर की।
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पीठ ने कठुआ सामूहिक बलात्कार और हत्या के मामले के अहम गवाह तालीब हुसैन की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह बात कही। याचिका में हुसैन के खिलाफ उसकी एक रिश्तेदार द्वारा दर्ज कथित बलात्कार के मामले में राज्य पुलिस द्वारा उसे (हुसैन को) हिरासत में प्रताड़ित करने का आरोप लगाया गया है।
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अदालत ने पहले हुसैन के रिश्तेदार मुमताज अहमद खान के वकील से कहा था कि आप यह साबित करें कि इस मामले में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका कैसे विचारणीय है क्योंकि आरोपी को उसके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज होने के बाद कानूनी तरीके से गिरफ्तार किया गया है। बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका गवाह के रिश्तेदार मुमताज अहमद खान ने ही दायर की है।
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उच्चतम न्यायालय के आदेश का हवाला देते हुए वकील ने कहा था कि वैध या अवैध किसी भी तरह हिरासत में लिया गया हो, हिरासत में प्रताड़ित किए जाने के संबंध में ऐसी याचिका हमेशा दायर की जा सकती है।