केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने ऐसी चुनौती, अधिकारियों और सांसदों के उड़ा दिये होश!
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हिंदी दिवस के मौके पर विज्ञान भवन में आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे गृहमंत्री अमित शाह ने वहां मौजूद सांसदों, अधिकारियों एवं दूसरे लोगों को चुनौती दी कि वे लगातार 40 मिनट तक हिंदी बोलकर दिखाएं। शाह की शर्त थी कि ये ध्यान रहे कि इस दौरान किसी दूसरी भाषा का एक भी शब्द न आने पाए। खैर उनका यह चैलेंज स्वीकार करने की कोई हिम्मत नहीं दिखा पाया।
60 फीसदी फाइलें हिंदी में
इसके बाद उन्होंने हिंदी भाषा को लेकर ही एक बड़ा खुलासा किया। उन्होंने कहा, जब मैने केंद्रीय गृहमंत्री का कार्यभार संभाला तो पहले दस दिन तक एक बात पर गौर किया। इसकी भनक किसी दूसरे अधिकारी को भी नहीं थी। मैंने देखा कि मंत्री बने दस दिन तो गए, लेकिन मेरी टेबल पर इस दौरान एक भी फाइल हिंदी में नहीं आई। आज हालत यह है कि टेबल पर 60 फीसदी फाइलें हिंदी में आ रही हैं। गृहमंत्री के इस खुलासे पर विज्ञान भवन में जमकर ठहाके लगे।
लोगों को अपनी भाषा के बारे में नहीं पता
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने हिंदी के प्रचार-प्रसार के लिए संविधान सभा को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि आज हमारे देश में 122 भाषाएं हैं, और 19,500 बोलियां हैं। इतनी विविधता और किसी अन्य देश में नहीं मिलेगी। उन्होंने कहा, मैं कई देशों में जा चुका हूं। इस समारोह में किसी देश का नाम नहीं लूंगा, लेकिन एक घटना का जिक्र अवश्य करुंगा। मैंने कई देशों के लोगों से पूछा कि आपकी भाषा कौन सी है तो जवाब मिला, अंग्रेजी बोलते हैं। उनमें बहुत से लोग ऐसे भी थे, जिन्हें अपनी भाषा की जानकारी ही नहीं थी।
अगले साल से सार्वजनिक आयोजन
शाह ने कहा, यह हिंदी दिवस समारोह जो आज विज्ञान भवन में हो रहा है, इसके आयोजन की सही जगह देश की जनता है। अगले साल से यह समारोह लोगों के बीच होगा। एक नहीं, बल्कि कई सार्वजनिक समारोह होंगे। ये समारोह राजधानी से बाहर भी आयोजित किए जाएंगे। इनमें केवल पुरस्कार पाने वाले ही नहीं, बल्कि बहुत से दूसरे लोग भी शामिल होंग और सप्ताह भर तक कार्यक्रम चलते रहेंगे।