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DGS: सिंगापुरी जहाज में लगी आग हो रही कम, शिपिंग महानिदेशालय ने कहा- मौसम खराब होने से ऑपरेशन में आ रही दिक्कत
Wed, 18 Jun 2025 11:31 AM IST
बशु जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोच्चि
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोच्चि
Published by: बशु जैन
Updated Wed, 18 Jun 2025 11:31 AM IST
सार
नौ जून को केरल तट से 42 समुद्री मील दूर सिंगापुर का कंटेनर जहाज एमवी वान हाई 503 में आग लग गई थी। कड़ी मशक्कत के बाद जल रहे जहाज को केरल तट से दूर किया गया। शिपिंग महानिदेशालय ने अब जहाज की स्थिति को लेकर रिपोर्ट जारी की है।
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केरल तट से दूर किया गया जहाज।
- फोटो : एक्स/@IndiaCoastGuard
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विस्तार
केरल तट से 68.5 समुद्री मील दूर जल रहे सिंगापुरी कंटेनर जहाज में लगी आग अब कम होने लगी है। शिपिंग महानिदेशालय (डीजीएस) ने कहा कि जहाज में लगी आग पर आंशिक रूप से काबू पा लिया गया है। हालांकि मौसम खराब होने से आग बुझाने के लिए चल रहे अभियान में दिक्कत आ रही है। नौ जून को श्रीलंका कोलंबो से मुंबई जा रहे जहाज के कंटेनर में विस्फोट के बाद केरल के कन्नूर जिले के अझिक्कल से लगभग 44 समुद्री मील दूर और कोच्चि से 130 समुद्री मील उत्तर पश्चिम में आग लग गई थी।
डीजीएस ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि 17 जून की स्थिति के मुताबिक सिंगापुरी जहाज एमवी वान हाई 503 से उठ रहीं आग की लपटों और धुएं में कमी आई है। जहाज की रफ्तार में भी कम हुई है। अपतटीय प्रक्षेप पथ बदला है। जबकि वह केरल तट से लगभग 68.5 समुद्री मील की दूर है। वहीं जहाज के कुछ हिस्सों से लगातार निकलता धुआं कम हुआ है। डीजीएस ने कहा कि आग बुझाने के लिए लगातार अग्निशमन अभियान की जरूरत होती है। लेकिन खराब मौसम और दूसरी टो लाइन न होने से अभियान प्रभावित हो रहा है।
डीजीएस ने कहा कि मौसम प्रतिकूल बना हुआ है, 29-34 नॉट की गति से पश्चिमी हवाएं चल रही हैं, जो 39 नॉट तक पहुंच सकती हैं, बीच-बीच में भारी वर्षा हो रही है, और कई बार दृश्यता शून्य हो रही है। इसके कारण अग्निशमन तथा विमान पर चढ़ने के कार्यों में काफी बाधा आ रही है।
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वर्तमान में जहाज एक टोलाइन के माध्यम से एक टगबोट ऑफशोर वॉरियर से जुड़ा हुआ है।
ये भी पढ़ें: दिल्ली से बाली जा रही एअर इंडिया की उड़ान वापस लौटी; ज्वालामुखी विस्फोट की वजह से लिया गया फैसला
डीजीएस ने रिपोर्ट में कहा कि आपातकालीन स्थिति के रूप में दुबई में जेबेल अली शरणार्थी बंदरगाह के साथ जहाज को लेकर बातचीत चल रही है। यह बंदरगाह संकट ग्रस्त जहाजों की मदद करता है। इसके अलावा बहरीन, श्रीलंका, मलेशिया और कतर में विकल्पों पर भी विचार किया जा रहा है।
केरल तट के पास बहकर आया शव
रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि केरल तट के पास एक शव बहकर आया है। ऐसा माना जा रहा है कि यह जहाज के चालक दल के किसी सदस्य का हो सकता है। क्योंकि चालक दल के चार सदस्य अभी भी लापता हैं। जबकि 18 को बचा लिया गया। आग बुझाने, संरचनात्मक सुरक्षा और नियंत्रित तरीके से जहाज को भारतीय जलक्षेत्र से बाहर सुरक्षित रूप से स्थानांतरित करने पर प्रयास केंद्रित हैं।
ये भी पढ़ें: विमान सुरक्षा से जुड़ी चिंताएं बहुत गंभीर नहीं, एअर इंडिया की 24 फ्लाइट्स पर बोला DGCA
सात जून को कोलंबो से रवाना हुआ जहाज 10 जून को मुंबई पहुंचने वाला था। 270 मीटर लंबा और 12.5 मीटर व्यास वाला जहाज 1.2 लाख मीट्रिक टन ईंधन और सैकड़ों कंटेनर ले जा रहा था। आग लगने के बाद जहाज समुद्री पर्यावरण और क्षेत्रीय शिपिंग मार्गों के लिए गंभीर खतरा पैदा कर रहा था। प्रतिकूल समुद्री हालात के बावजूद आईसीजी ने जहाज को तट से सुरक्षित रूप से दूर कर दिया है। इससे तेल रिसाव या अन्य समुद्री आपदाओं का खतरा कम हो गया है।
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डीजीएस ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि 17 जून की स्थिति के मुताबिक सिंगापुरी जहाज एमवी वान हाई 503 से उठ रहीं आग की लपटों और धुएं में कमी आई है। जहाज की रफ्तार में भी कम हुई है। अपतटीय प्रक्षेप पथ बदला है। जबकि वह केरल तट से लगभग 68.5 समुद्री मील की दूर है। वहीं जहाज के कुछ हिस्सों से लगातार निकलता धुआं कम हुआ है। डीजीएस ने कहा कि आग बुझाने के लिए लगातार अग्निशमन अभियान की जरूरत होती है। लेकिन खराब मौसम और दूसरी टो लाइन न होने से अभियान प्रभावित हो रहा है।
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डीजीएस ने कहा कि मौसम प्रतिकूल बना हुआ है, 29-34 नॉट की गति से पश्चिमी हवाएं चल रही हैं, जो 39 नॉट तक पहुंच सकती हैं, बीच-बीच में भारी वर्षा हो रही है, और कई बार दृश्यता शून्य हो रही है। इसके कारण अग्निशमन तथा विमान पर चढ़ने के कार्यों में काफी बाधा आ रही है।
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वर्तमान में जहाज एक टोलाइन के माध्यम से एक टगबोट ऑफशोर वॉरियर से जुड़ा हुआ है।
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डीजीएस ने रिपोर्ट में कहा कि आपातकालीन स्थिति के रूप में दुबई में जेबेल अली शरणार्थी बंदरगाह के साथ जहाज को लेकर बातचीत चल रही है। यह बंदरगाह संकट ग्रस्त जहाजों की मदद करता है। इसके अलावा बहरीन, श्रीलंका, मलेशिया और कतर में विकल्पों पर भी विचार किया जा रहा है।
केरल तट के पास बहकर आया शव
रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि केरल तट के पास एक शव बहकर आया है। ऐसा माना जा रहा है कि यह जहाज के चालक दल के किसी सदस्य का हो सकता है। क्योंकि चालक दल के चार सदस्य अभी भी लापता हैं। जबकि 18 को बचा लिया गया। आग बुझाने, संरचनात्मक सुरक्षा और नियंत्रित तरीके से जहाज को भारतीय जलक्षेत्र से बाहर सुरक्षित रूप से स्थानांतरित करने पर प्रयास केंद्रित हैं।
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