नेताजी की तस्वीर पर विवाद: जानें राष्ट्रपति भवन में लगी इस फोटो की सच्चाई, क्या कह रहे हैं लोग
नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती 23 जनवरी को मनाई गई। केंद्र सरकार ने इस वर्ष बोस की जयंती को पराक्रम दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया था। इस दौरान देश भर में कई कार्यक्रमों का आयोजन भी हुआ। इस मौके पर राष्ट्रपति भवन में नेताजी की एक तस्वीर का राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने अनावरण किया। अब राष्ट्रपति भवन में लगी इस तस्वीर को लेकर विवाद खड़ा होता जा रहा है। सोशल मीडिया पर लोग दावा कर रहे हैं कि राष्ट्रपति भवन में लगी यह तस्वीर नेताजी की नहीं, बल्कि एक अभिनेता की है।
राष्ट्रपति कोविंद ने नेताजी की 125 वीं जयंती समारोह के उपलक्ष्य में राष्ट्रपति भवन में शनिवार को इस चित्र का अनावरण किया किया था। राष्ट्रपति भवन की ओर से इससे संबंधित एक ट्वीट भी किया गया। इस ट्वीट में दो तस्वीर साझा की गई थीं।
सूत्रों का कहना है कि यह तस्वीर नेताजी के परिवार द्वारा पद्मश्री पुरस्कार विजेता कलाकार परेश मैती को प्रदान की गई थी, जिन्होंने इसे बनाया था। सोशल मीडिया पर कुछ लोगों का कहना है कि यह तस्वीर अभिनेता प्रसेनजीत की है, हालांकि कुछ लोग इस बात से इनकार भी कर रहे हैं।
इसके अलावा अभी यह भी साफ नहीं है कि नेताजी के परिवार के किस सदस्य ने इस फोटो को प्रदान किया था। बता दें कि 56 वर्षीय परेश मैती बंगाल के पूर्वी मिदनापुर जिले से हैं और वह अब दिल्ली में रहते हैं।
गौरतलब है कि प्रसेनजित चटर्जी ने श्री जीत मुखर्जी निर्देशित फिल्म 'गुमनामी' में नेताजी के रूप में काम किया था। इस फिल्म में प्रसेनजित का लुक बिल्कुल नेताजी सुभाष चंद्र बोस से मिलता हुआ दिखता है।
President Kovind unveils the portrait of Netaji Subhas Chandra Bose at Rashtrapati Bhavan to commemorate his 125th birth anniversary celebrations. pic.twitter.com/Y3BnylwA8X
— President of India (@rashtrapatibhvn) January 23, 2021
सोशल मीडिया पर आईं ऐसी प्रतिक्रियाएं
वहीं, इस तस्वीर को लेकर सोशल मीडिया पर भी तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। एक ट्विटर यूजर ने लिखा, 'एक झटका देने वाले घटनाक्रम में भारत के राष्ट्रपति ने राष्ट्रपति भवन में नेताजी सुभाष चंद्र बोस के नाम पर अभिनेता प्रोसेनजीत चटर्जी की तस्वीर का अनावरण कर दिया। बंगाल भाजपा ने राज्य की संस्कृति और प्रतीकों को धूमिल करने में कोई कसर नहीं छोड़ी है।'
एक अन्य यूजर ने लिखा, इस देश में ऐसी स्थिति हो गई है। देश के राष्ट्रपति ने एक आधिकारिक तस्वीर का राष्ट्रपति भवन में अनावरण किया, यकीन मानिए ये तस्वीर प्रोसेनजीत चटर्जी की है न कि नेता जी की। उन्होंने (प्रोसेनजीत) श्रीजीत मुखर्जी की फिल्म गुमनामी में नेताजी का किरदार निभाया था। वहीं, एक अन्य यूजर ने लिखा, कि वह (राष्ट्रपति) एक पड़े-लिखे व्यक्ति हैं। मुझे लगता है कि यह गलतफहमी से हुआ होगा।
दूसरी ओर, एक समाचार चैनल के कार्यकारी संपादक अखिलेश शर्मा ने ट्वीट किया, 'कहानी फोटो की। सोशल मीडिया पर लोग हंगामा कर रहे हैं कि राष्ट्रपति भवन में नेताजी का चित्र अभिनेता प्रसनजीत के चित्र पर आधारित है। जबकि यह चित्र नेताजी के एक ऐसे चित्र पर बनाया गया जो पद्मश्री विजेता परेश मेटी को नेताजी के परिवार वालों ने दिया था। जबर्दस्ती का हंगामा।'
फोटो देख कर खुद ही फैसला कीजिए कि चित्र में नेताजी की तस्वीर किससे मिलती है। कभी-कभी तो सोशल मीडिया के विमर्श पर बहुत हैरानी होती है। https://t.co/QTo9sYopWM
— Akhilesh Sharma (@akhileshsharma1) January 25, 2021