मिजोरमः ‘नशा मुक्त भारत’ रैली में शामिल हुए मुख्यमंत्री, 600 से अधिक छात्र-छात्राओं ने लिया भाग
आइजोल में ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसमें 600 से अधिक विद्यार्थियों ने भाग लिया और मुख्यमंत्री लालदुहोमा ने जोर देकर कहा कि नशीले पदार्थ समाज के लिए किसी भी तरह लाभकारी नहीं हैं और इन्हें पूरी तरह समाप्त करना आवश्यक है।
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मिजोरम की राजधानी आइजोल में बुधवार को ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के तहत राज्य स्तरीय और आइजोल जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस अवसर पर “ड्रग्स के खिलाफ रैली” निकाली गई, जिसमें विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों के 600 से अधिक छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। मुख्यमंत्री लालदुहोमा ने रैली में हिस्सा लिया और प्रतिभागियों को हरी झंडी दिखाकर मार्च की शुरुआत की।
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मुख्यमंत्री प्रतिभागियों के साथ पैदल चलते हुए नजर आए
रैली के लिए दो प्रारंभिक स्थल, चानमारी और सिकुलपुइकॉन, निर्धारित किए गए थे। इन दोनों स्थानों से रैली निकलकर लाम्मुआल में एकत्रित हुई, जहां मुख्य कार्यक्रम आयोजित हुआ। मुख्यमंत्री ने चानमारी से रैली को रवाना किया और प्रतिभागियों के साथ पैदल चलते हुए लाम्मुआल पहुंचे।
मुख्यमंत्री ने कहा नशीले पदार्थ समाज के लिए हानिकारक
इस अवसर पर मुख्यमंत्री लालदुहोमा ने कहा कि मिजोरम, गोल्डन ट्रायंगल के नजदीक स्थित है, जो मादक पदार्थों की तस्करी के लिए कुख्यात है। इसी कारण राज्य में ड्रग्स की आमद बनी रहती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि नशीले पदार्थ समाज के लिए किसी भी तरह लाभकारी नहीं हैं और इन्हें पूरी तरह समाप्त करना आवश्यक है। उन्होंने समुदायों से अपील की कि वे मादक द्रव्यों के दुरुपयोग के खिलाफ सतर्क और एकजुट रहें, ताकि मिजो समाज को इस बुराई से बचाया जा सके। मुख्यमंत्री ने युवाओं को पूरी तरह से नशे से दूर रहने की सलाह दी और चेतावनी दी कि कभी-कभार का सेवन भी लत की शुरुआत है। उन्होंने नशे की गिरफ्त में फंसे लोगों से साहस के साथ बाहर निकलकर अपना जीवन पुनर्निर्माण करने का आह्वान किया।
नशा मुक्त भारत की शपथ दिलाई गई
कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री पी ललरिनपुई और आबकारी एवं मादक द्रव्य मंत्री ललन्घिंगलोवा हमर ने भी संबोधन किया। प्रतिभागियों ने नशा विरोधी संदेशों वाले पोस्टर लेकर मार्च किया और सर्वश्रेष्ठ पोस्टर डिजाइन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर मिस ग्रैंड इंडिया, वानलालनुंतलुआंगी ने उपस्थित जनसमूह को नशा मुक्त भारत की शपथ दिलाई।
गौरतलब है कि ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ वर्तमान में देश के 372 जिलों में चलाया जा रहा है, जिसमें मिजोरम के सभी जिले शामिल हैं। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य नशीले पदार्थों के सेवन के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूकता फैलाना और नए लोगों को इससे दूर रखना है। आइजोल में आयोजित यह रैली अभियान की 5वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में निकाली गई।
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