{"_id":"5a5951c44f1c1be1408b483b","slug":"bombay-high-court-whether-the-concession-of-sanjay-dutt-was-given-to-all-prisoners","type":"story","status":"publish","title_hn":"बॉम्बे हाईकोर्ट- क्या संजय दत्त जैसी रियायत सभी कैदियों को दी गई","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
बॉम्बे हाईकोर्ट- क्या संजय दत्त जैसी रियायत सभी कैदियों को दी गई
एजेंसी, मुंबई
Updated Sat, 13 Jan 2018 05:54 AM IST
विज्ञापन
sanjay dutt
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
महाराष्ट्र सरकार ने शुक्रवार को कहा कि वह अभिनेता संजय दत्त को मिली हर पैरोल या फरलो के औचित्य को साबित कर सकती है। इस पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने सवाल पूछा कि क्या यही नियम सभी कैदियों पर लागू होते हैं। कोर्ट ने सरकार से एक आम कैदी दी जानी पैरोल और फरलो की विस्तृत जानकारी हलफनामे के तौर दाखिल करने का निर्देश दिया।
संजय दत्त को 1993 के मुंबई बम धमाकों के मामले में पांच साल की सजा हुई थी लेकिन अच्छे चालचलन को देखते हुए 8 महीने और 16 दिन पहले ही 25 फरवरी 2016 में ही उनकी रिहाई हो गई। महाराष्ट्र सरकार के एडवोकेट जनरल आशुतोष ने कहा कि संजय दत्त कानून का उल्लंघन कर एक भी मिनट या सेकेंड के लिए जेल से बाहर नहीं गए। हम हर कैदी को दी जाने वाली पैरोल के लिए सख्त और मानक प्रक्रिया का पालन करते हैं।
पढ़ें- संजय दत्त पर महेश भट्ट का बड़ा खुलासा, 'सुबह उठते ही मांगते थे शराब, चाहते थे हेरोइन'
विज्ञापन
आरटीआई और पीआईएल में हम कोई चांस नहीं लेते हैं। उन्होंने कहा कि संजय को बेटी की बीमारी और पत्नी की सर्जरी के लिए पैरोल दी गई। सजा के दौरान अभिनेता पांच महीने से ज्यादा समय तक पैरोल और फरलो पर जेल से बाहर रहे थे। इसका अन्य कैदियों के परिजनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने विरोध किया था।
विज्ञापन
संजय दत्त को 1993 के मुंबई बम धमाकों के मामले में पांच साल की सजा हुई थी लेकिन अच्छे चालचलन को देखते हुए 8 महीने और 16 दिन पहले ही 25 फरवरी 2016 में ही उनकी रिहाई हो गई। महाराष्ट्र सरकार के एडवोकेट जनरल आशुतोष ने कहा कि संजय दत्त कानून का उल्लंघन कर एक भी मिनट या सेकेंड के लिए जेल से बाहर नहीं गए। हम हर कैदी को दी जाने वाली पैरोल के लिए सख्त और मानक प्रक्रिया का पालन करते हैं।
विज्ञापन
पढ़ें- संजय दत्त पर महेश भट्ट का बड़ा खुलासा, 'सुबह उठते ही मांगते थे शराब, चाहते थे हेरोइन'
विज्ञापन
आरटीआई और पीआईएल में हम कोई चांस नहीं लेते हैं। उन्होंने कहा कि संजय को बेटी की बीमारी और पत्नी की सर्जरी के लिए पैरोल दी गई। सजा के दौरान अभिनेता पांच महीने से ज्यादा समय तक पैरोल और फरलो पर जेल से बाहर रहे थे। इसका अन्य कैदियों के परिजनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने विरोध किया था।