भाजपा मुख्यालय में महामंत्रियों की पहली बैठक: नई टीम, नई रणनीति और विधानसभा चुनाव, किन मुद्दों पर हुई चर्चा?
भाजपा के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की अध्यक्षता में गुरुवार को पार्टी मुख्यालय में नवनियुक्त राष्ट्रीय महासचिवों की पहली बड़ी संगठनात्मक बैठक हुई। बैठक में संगठन को मजबूत करने, आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारी और पार्टी की भावी कार्ययोजना पर चर्चा हुई। सेवा संकल्प अभियान की रूपरेखा पर भी बात हुई। नई टीम के साथ भाजपा चुनावी मैदान में अपनी रणनीति को कितना मजबूत कर पाएगी?
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विस्तार
भाजपा मुख्यालय में गुरुवार को नवनियुक्त राष्ट्रीय महासचिवों की पहली संगठनात्मक बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने की। इसमें संगठन को मजबूत करने, आगामी कार्यक्रमों और अलग-अलग राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा हुई। नई जिम्मेदारियों के साथ जुटी पार्टी की राष्ट्रीय टीम के लिए यह बैठक आने वाले समय की दिशा तय करने वाली अहम कड़ी मानी जा रही है।
बैठक में किन मुद्दों पर हुआ मंथन?
बैठक में विभिन्न राज्यों में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों के लिए संगठनात्मक तैयारियों और रणनीतिक रूपरेखा पर चर्चा हुई। पार्टी की भावी कार्ययोजना, आगामी कार्यक्रमों और संगठन को अधिक मजबूत बनाने के तरीकों पर भी विचार किया गया। बैठक में इस बात पर जोर रहा कि संगठन को सक्रिय और जनसेवा के लिए तैयार रखा जाए। साथ ही आने वाले कार्यक्रमों को लेकर जिम्मेदारियां और प्राथमिकताएं तय करने पर भी चर्चा हुई।
नितिन नवीन के नेतृत्व में पहली बड़ी बैठक क्यों अहम रही?
नितिन नवीन की अध्यक्षता में हुई यह बैठक इसलिए भी महत्वपूर्ण रही क्योंकि यह नवनियुक्त राष्ट्रीय महासचिवों के साथ उनकी पहली संगठनात्मक बैठक थी। वरिष्ठ नेता विनोद तावड़े ने बताया कि बैठक में पार्टी और संगठन से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर सार्थक चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि आगामी चुनावों के साथ सेवा संकल्प अभियान की रूपरेखा पर भी विचार किया गया। इससे पार्टी के अगले कार्यक्रमों की तस्वीर सामने आती है।
बैठक में कौन-कौन से प्रमुख नेता मौजूद रहे?
राष्ट्रीय महासचिव हरीश द्विवेदी के अनुसार बैठक में राष्ट्रीय संगठन महामंत्री बीएल संतोष, सह-संगठन महामंत्री शिव प्रकाश, सौदान सिंह सहित सभी राष्ट्रीय महासचिव मौजूद रहे। उन्होंने बैठक को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि संगठनात्मक विषयों, आगामी कार्यक्रमों और पार्टी की भावी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा हुई। उनके मुताबिक आगे के काम की दिशा और प्राथमिकताएं तय की गईं। नए नेतृत्व के मार्गदर्शन में संगठन को और सक्रिय बनाने का संकल्प भी लिया गया।
विधानसभा चुनावों के लिए भाजपा की क्या तैयारी है?
बैठक का एक बड़ा हिस्सा विभिन्न राज्यों में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारी पर केंद्रित रहा। पार्टी की ओर से राज्यों के लिए संगठनात्मक रूपरेखा और चुनावी तैयारियों पर मंथन किया गया। बैठक में इस बात पर भी चर्चा हुई कि आने वाले महीनों में पार्टी के कार्यक्रमों और अभियानों को किस तरह आगे बढ़ाया जाए। सेवा संकल्प अभियान भी इसी कार्ययोजना का हिस्सा है।
सेवा संकल्प अभियान पर भी क्यों हुई चर्चा?
वरिष्ठ नेता विनोद तावड़े ने बैठक के बाद सेवा संकल्प अभियान की रूपरेखा पर चर्चा होने की जानकारी दी। स्मृति ईरानी ने भी बैठक की तस्वीर साझा करते हुए बताया कि आगे की कार्ययोजनाओं और विभिन्न प्रदेशों में होने वाले विधानसभा चुनावों की तैयारी सहित अन्य विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई। इससे संकेत मिलता है कि पार्टी चुनावी तैयारियों के साथ संगठनात्मक और जनसेवा से जुड़े कार्यक्रमों को भी आगे बढ़ाने की तैयारी में है।
अब भाजपा के सामने सबसे बड़ी चुनौती क्या है?
नई राष्ट्रीय टीम के साथ भाजपा ने संगठन और चुनावी तैयारियों को लेकर अपनी प्राथमिकताएं तय करने की दिशा में कदम बढ़ाया है। बैठक में संगठन को मजबूत, सक्रिय और जनसेवा के लिए समर्पित बनाने पर जोर दिया गया। आगामी विधानसभा चुनाव पार्टी के लिए बड़ी चुनौती होंगे। ऐसे में नितिन नवीन के नेतृत्व में राष्ट्रीय महासचिवों की नई टीम इन तैयारियों को जमीन तक कितनी मजबूती से पहुंचाती है, इस पर नजर रहेगी।