पी चिदंबरम और उनके बेटे कार्ति की गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा की अवधि एक फरवरी तक बढ़ी
दिल्ली की एक अदालत ने पूर्व केन्द्रीय मंत्री पी चिदंबरम और उनके बेटे कार्ति के खिलाफ सीबीआई और ईडी द्वारा एयरसेल मैक्सिस घोटाले के सिलसिले में दर्ज मामलों में गिरफ्तारी पर रोक की अवधि एक फरवरी तक बढ़ा दी है।
सीबीआई की तरफ से पेश सॉलीसीटर जनरल तुषार मेहता ने विशेष सीबीआई अदालत को बताया कि मामले में जारी जांच पूरी होने वाली है। इसके बाद विशेष न्यायाधीश ओ पी सैनी ने मामले में सुनवाई की अगली तारीख एक फरवरी तय की।
Aircel Maxis case adjourned till 1 Feb by Delhi's Patiala House Court. The court also extended the interim protection of Karti Chidambaram and P Chidambaram till 1 Feb in both CBI and ED cases. pic.twitter.com/wkyt2Bx3ki
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— ANI (@ANI) January 11, 2019
पी चिदंबरम और कार्ति की तरफ से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल और ए एम सिंघवी ने गिरफ्तारी से छूट की अवधि बढ़ाने की मांग की थी। सीबीआई ने अदालत को यह भी बताया कि मामले में आरोपी कुछ लोकसेवकों के अभियोजन के लिये आवश्यक मंजूरी हासिल कर ली गई है।
एजेंसी ने पहले कहा था कि पी चिदंबरम के लिए ऐसी ही मंजूरी हासिल की जा चुकी है। अदालत ने सीबीआई के मामले के आधार पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दर्ज धनशोधन मामले में सुनवाई अगली तारीख तक के लिये स्थगित कर दी। ईडी के विशेष लोक अभियोजक नितेश राणा ने इस संदर्भ में अनुरोध किया था।
इस मामले में सीबीआई द्वारा 19 जुलाई को दायर आरोप-पत्र में चिदंबरम और उनके बेटे का नाम था। एजेंसी ने विशेष न्यायाधीश के समक्ष एक पूरक आरोप-पत्र दायर किया था, जिन्होंने इस पर विचार के लिए 31 जुलाई की तारीख तय की थी। यह मामला एयरसेल मैक्सिस सौदे में विदेशी निवेश संवर्द्धन बोर्ड (एफआईपीबी) की मंजूरी देने में कथित अनियमितता से जुड़ा है।