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मौत के 11 साल बाद आया कोर्ट का फैसला, इंश्योरंस कंपनी परिवार को देगी 1.30 करोड़ रुपये
amarujala.com- Presented by: अभिषेक मिश्रा
Updated Mon, 12 Jun 2017 09:12 AM IST
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बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक व्याक्ति के मरने के 11 साल बाद उसके इंश्योरंस क्लेम पर फैसला सुनाया है। कोर्ट ने इंश्योरंस कंपनी को 1.30 करोड़ रुपये याचिकाकर्ता और उनके परिवार को देने के लिए कहा है। दरअसल सुदाम औटी एक बड़े व्यापारिक संगठन में बतौर मैनेजर काम करते थे।
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26 मई 2006 को सुदाम औटी कल्याण अहमदनगर में अपनी कार से जा रहे थे , उसी वक्त दूसरे ओर से आ रहे एक टेंपो ने उनकी कार को टक्कर मार थी, जिसमें उनकी मौत हो गई। औटी की मौत के बाद उनके परिवार ने इंश्योरंस कंपनी के खिलाफ याचिका दायर की थी।
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इंश्योरंस कंपनी का कहना था कि एक्सीडेंट औटी की गलती से हुआ था। वह लापरवाही से गाड़ी चला रहे थे। वह एक हाथ से गाड़ी चला रहे थे और मोबाइल पर बात कर रहे थे। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के वकिल ने बताया कि दुर्घटना के दौरान औटी के पास के कोई मोबाइल बरामद नहीं हुआ। साथ ही कोई ऐसी वजह नहीं मिली जिसे यह पता चले कि वह लापरवाही से गाड़ी चला रहे थे।
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जिस पर सुनावाई करते हुए जज महेश सोनाक ने फैसला सुनाया। कोर्ट ने इंश्योरंस कंपनी को औटी के परिवार को 1.30 करोड़ रुपये देने की बात कही। जिसमें 78.11 लाख रुपये इंश्योरंस क्लेम के और बाकि की रकम 7 फीसदी प्रति वर्ष ब्याज के हिसाब से देने को कहा। कोर्ट के आदेश के मुताबिक औटी की पत्नी को कुल रकम का 45 फीसदी, बेटों को 20-20 फीसदी जबकि उनकी मां को 15 फीसदी हिस्सा देने है।