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कानून का शासन स्थापित करने में वकील व छात्र करें मदद : जस्टिस रमना
Mon, 20 Jan 2020 03:20 AM IST
संजीव कुमार झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Mon, 20 Jan 2020 03:20 AM IST
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जस्टिस रमना
- फोटो : पीटीआई
सुप्रीम कोर्ट के जज जस्टिस एनवी रमना ने कहा कि देश में कानून का राज स्थापित करने के लिए वकीलों और छात्रों को आगे आना चाहिए। उन्होंने 16वें केके लूथरा व्याख्यानमाला मूट कोर्ट में यह बात कही। जस्टिस रमना ने छात्रों और वकीलों को समाज में कानून का शासन स्थापित करने में सहायता करने की सलाह दी।
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उन्होंने कहा कि यह वकीलों की जिम्मेदारी है कि वह लोगों को उनके कानूनी हक के बारे में जागरूक करें। समाज वकीलों को बहुत सम्मान देता है, इसलिए उन्हें अपने मुवक्किलों को उचित मार्गदर्शन देना चाहिए। साथ ही वकीलों को समाज में न्यायिक प्रणाली को कानून का राज कायम करने में मदद करनी चाहिए।
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जस्टिस रमना इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि थे। उनके अलावा दिल्ली हाईकोर्ट के जस्टिस राजीव सहाय एंडलॉ, जस्टिस ज्योति सिंह और जस्टिस आशा मोहन मानद अतिथि थे। तीन दिवसीय कार्यक्रम के समापन पर असम की नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी ज्यूडीशियल एकेडमी को प्रथम पुरस्कार और चेन्नई के स्कूल ऑफ एक्सेलेंस, डॉ. अम्बेडकर यूनिवर्सिटी को दूसरा पुरस्कार मिला। कार्यक्रम में विभिन्न देशों के 60 टीमों ने हिस्सा लिया था।
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