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साबुन उद्योग के खिलाफ पंजाब और हिमाचल के ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन

Wed, 22 Jun 2022 10:36 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 22 Jun 2022 10:36 PM IST
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Himachal villagers protest against soap factory in Punjab for pollution
संवाद न्यूज एजेंसी
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ऊना। हरोली उपमंडल के गोंदपुर जयचंद गांव स्थित साबुन उद्योग के खिलाफ चल रहा ग्रामीणों का विरोध-प्रदर्शन बुधवार को जिला मुख्यालय तक पहुंच गया। ग्रामीणों ने उद्योग पर प्रदूषण फैलाने का आरोप लगाया है। वहीं, उद्योग के पक्ष में कामगार भी बुधवार शाम चार बजे जिला मुख्यालय ज्ञापन देने पहुंच गए। उन्होंने आरोप लगाया कि उद्योग का काम प्रभावित करने के लिए कुछ लोग साजिश रच रहे हैं।
हिमाचल और पंजाब के दर्जन भर गांवों के करीब 100 लोगों ने बुधवार को ऊना पहुंचकर जमकर नारेबाजी की। उन्होंने सरकार, प्रशासन और संबंधित विभागों पर उद्योग की हिमायत करने का आरोप भी लगाया। ग्रामीणों का कहना है कि उद्योग के प्रदूषण से सीमावर्ती गांव पडोरी, बीनेवाल, झुग्गियां, गोंदपुर, बीटन सहित दर्जनभर गांव प्रभावित हो रहे हैं।
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प्रदर्शन की अगुवाई कर रहे कुलभूषण सिंह, दविंदर राहा और गरीब दास बीटन ने कहा उक्त साबुन उद्योग में ईंधन के तौर पर पराली जलाई जाती है और इससे आसपास के गांवों में धुआं फैलता है। वहीं उद्योग का गंदा पानी भी खुले में छोड़कर लोगों को बीमारियों के मुंह में धकेला जा रहा है।
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ग्रामीणों ने जिला अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) डॉ अमित शर्मा के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेजकर उद्योग प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई करने और लोगों को से निजात दिलाने की मांग उठाई है। कहा कि यदि अब भी उनकी मांग को अनसुना किया जाता है तो ग्रामीण पंजाब के रास्ते आने वाले उद्योग के वाहनों की आवाजाही रोक देंगे।
उधर, एडीसी को ज्ञापन सौंपने आए कामगार आनंद सिंह, विरेंद्र सिंह, प्रदीप राणा, गौरव राणा, ओंकार सिंह व अन्य ने बताया कि कुछ शरारती तत्व साबुन उद्योग को बंद करवाने की साजिश रच रहे हैं। कहा कि उद्योग में करीब 700 लोगों को रोजगार मिला हुआ है।

अगर प्रदूषण होगा तो सबसे पहले गरीब कामगार प्रभावित होंगे। कहा कि समय-समय पर प्रशासनिक अधिकारी उद्योग में सभी मानकों की जांच कर रहे हैं और उसमें क्लीन चिट भी मिली। कहा कि इस बारे में उन्होंने एडीसी अमित शर्मा को ज्ञापन सौंपकर मांग की है कि जल्द से जल्द समस्या का हल किया जाए ताकि उद्योग को बंद होने से बचाया जा सके।
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