{"_id":"6895de85861f2978b30cc5d1","slug":"four-therapists-posted-in-district-ayurvedic-hospital-panchkarma-facility-started-again-una-news-c-93-1-ssml1047-161666-2025-08-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Una News: जिला आयुर्वेदिक अस्पताल में चार थैरेपिस्ट तैनात, पंचकर्म सुविधा फिर शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Una News: जिला आयुर्वेदिक अस्पताल में चार थैरेपिस्ट तैनात, पंचकर्म सुविधा फिर शुरू
विज्ञापन
प्रतिनियुक्ति पर दो पुरुष और दो महिला कर्मचारियों की तैनाती
पिछले तीन माह से बंद पड़ी थी पंचकर्म की सुविधा
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। जिला आयुर्वेदिक अस्पताल में पंचकर्म के लिए प्रतिनियुक्ति पर चार कर्मचारियों की तैनाती होने से लोगों ने राहत की सांस ली है। तैनाती के बाद यहां पंचकर्म की सुविधा सुचारू रूप से शुरू हो गई है, जिससे मरीजों को बड़ा लाभ मिलेगा। बीते तीन माह से यह सुविधा अस्पताल में बंद थी। पंचकर्म के बंद होने से रोजाना मरीज मायूस होकर लौट रहे थे और अस्पताल प्रबंधन को भी दिक्कत झेलनी पड़ रही थी। अब दो महिला और दो पुरुष थैरेपिस्ट सेवाएं दे रहे हैं। इससे पहले अस्पताल में केवल एक थैरेपिस्ट था, लेकिन कुछ माह पूर्व उनके निधन के बाद पद खाली रह गया और पंचकर्म ठप हो गया। लंबे समय से थैरेपिस्ट की तैनाती की मांग हो रही थी, जिसे अब विभाग ने पूरा कर दिया है। अस्पताल में बनाए गए नए पंचकर्म कक्ष का लाभ भी अब मरीजों को मिलेगा। जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को अब निजी अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा।
कोट
जिला आयुर्वेदिक अस्पताल में चार थैरेपिस्ट की तैनाती हो गई है। लोगों को अब पंचकर्म करवाने के लिए अन्य अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा। यह सुविधा अब सुचारु रूप से अस्पताल में मिलेगी। -डॉ. किरण शर्मा, जिला आयुष अधिकारी ऊना
विज्ञापन
पिछले तीन माह से बंद पड़ी थी पंचकर्म की सुविधा
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। जिला आयुर्वेदिक अस्पताल में पंचकर्म के लिए प्रतिनियुक्ति पर चार कर्मचारियों की तैनाती होने से लोगों ने राहत की सांस ली है। तैनाती के बाद यहां पंचकर्म की सुविधा सुचारू रूप से शुरू हो गई है, जिससे मरीजों को बड़ा लाभ मिलेगा। बीते तीन माह से यह सुविधा अस्पताल में बंद थी। पंचकर्म के बंद होने से रोजाना मरीज मायूस होकर लौट रहे थे और अस्पताल प्रबंधन को भी दिक्कत झेलनी पड़ रही थी। अब दो महिला और दो पुरुष थैरेपिस्ट सेवाएं दे रहे हैं। इससे पहले अस्पताल में केवल एक थैरेपिस्ट था, लेकिन कुछ माह पूर्व उनके निधन के बाद पद खाली रह गया और पंचकर्म ठप हो गया। लंबे समय से थैरेपिस्ट की तैनाती की मांग हो रही थी, जिसे अब विभाग ने पूरा कर दिया है। अस्पताल में बनाए गए नए पंचकर्म कक्ष का लाभ भी अब मरीजों को मिलेगा। जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को अब निजी अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा।
कोट
जिला आयुर्वेदिक अस्पताल में चार थैरेपिस्ट की तैनाती हो गई है। लोगों को अब पंचकर्म करवाने के लिए अन्य अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा। यह सुविधा अब सुचारु रूप से अस्पताल में मिलेगी। -डॉ. किरण शर्मा, जिला आयुष अधिकारी ऊना
विज्ञापन